सामूहिक दुष्कर्म के दो आरोपी दोषी करार, 20-20 वर्ष कारावास
बुलंदशहर। पहासू थाना क्षेत्र निवासी एक किशोरी के साथ हुए सामूहिक दुष्कर्म के मामले में अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश (पॉक्सो अधिनियम) डा. पल्लवी अग्रवाल की कोर्ट ने दो दोषियों को 20-20 वर्ष सश्रम कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही इन पर 70-70 हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया गया है।
विशेष लोक अभियोजक सुनील कुमार शर्मा ने बताया कि पहासू थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी व्यक्ति ने 18 सितंबर 2018 को थाने पर तहरीर दी थी। इसमें उसने बताया था कि वह 17 सितंबर 2018 को अपना विक्लांग सर्टिफिकेट बनवाने के लिए गया था। उसी दौरान उसकी नाबालिग 15 वर्षीय पुत्री भी घर से बाहर गई थी। आरोप है कि रास्ते में घात लगाए बैठे गांव निवासी युवक प्रशांत, आशू ने उसकी पुत्री को दबोच लिया और गांव के बाहर एक खेत में ले जाकर उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया। इसके बाद आरोपी उसे धमकी देकर चले गए। पीड़ित की शिकायत पर थाना पुलिस ने तीनों नामजद के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच की और बाद में प्रशांत और आशू के खिलाफ चार्जशीट कोर्ट में पेश कर दी थी। न्यायालय ने अब दोनों पक्षों के गवाहों के बयानों और साक्ष्यों का अवलोकन कर दोनों आरोपियों को दोषी करार दिया है। साथ ही दोनों को 20-20 वर्ष कारावास व 70-70 हजार रुपये अर्थदंड सुनाया गया है। न्यायालय ने अर्थदंड की धनराशि पीड़िता को देने के भी आदेश जारी किए हैं।