संवाद न्यूज एजेंसी
अनूपशहर/नरौरा/अहार। गंगा नदी इन दिनों एक बार फिर उफान पर है। पिछले दो दिन से गंगा के जलस्तर में तेजी से इजाफा हुआ है। अनूपशहर और नरौरा में गंगा खतरे के निशान से आधा मीटर नीचे बह रही है। नरौरा में गंगा का जलस्तर 178.7 है। रविवार को नरौरा में गंगा खतरे के निशान से आधा मीटर नीचे यानी 178.2 मीटर पर पहुंच चुकी है। बढ़ रहे जलस्तर पर लगातार नजर रखी जा रही है।
बारिश के कारण गंगा के जलस्तर में लगातार इजाफा हो रहा है। अनूपशहर के घाटों की सीढ़ियां भी जलमग्न हो गईं। आरती स्थल और लाल महादेव घाट को पार कर पानी सड़क तक पहुंच गया है। इस समय अनूपशहर में गंगा आरती स्थल प्लेटफॉर्म को पार कर शनिदेव मंदिर से आगे पहुंच गई है। बताया गया कि यदि बिजनौर गंगा बैराज से कम पानी छोड़ा जाता है तो जलस्तर में गिरावट होगी। अन्यथा इसी तरह जलस्तर बढ़ता है तो अनूपशहर एवं नरौरा में गंगा लो फ्लड को पार खतरे के निशान पर पहुंच जाएगी। वहीं, अहार में भी गंगा के जलस्तर में इजाफा हुआ है। गंगा के बढ़े जलस्तर के चलते खादर को पानी ने अपनी चपेट में ले लिया है। ऐसे में चारे का संकट गहराने लगा है। अहार क्षेत्र के किसान सुभाष व रविंद्र ने बताया कि कई बार गंगा का जलस्तर बढ़ने से फसलों में भर गया। इससे काफी नुकसान हुआ है।
वहीं, अब पानी एक बार फिर खेतों की ओर बढ़ रहा है। खेतों में पानी भरने से फसलों को और नुकसान होगा। वहीं, नरौरा में भी गंगा के जलस्तर में इजाफा हुआ है। शुक्रवार शाम से ही गंगा बैराज पर गंगा नदी के जलस्तर में बढ़ोतरी होना प्रारंभ हो गई थी। नदी की डाउनस्ट्रीम में 1.42 लाख क्यूसेक पानी की निकासी की जा रही है।
तहसील प्रशासन द्वारा जल स्तर में हो रहे लगातार इजाफे को देखते हुए सतर्क निगाह रखी जा रही है तथा लोगों को भी आगाह किया गया है। फिलहाल नरौरा में गंगा का जलस्तर लो फ्लड में पहुंच चुका है। सिंचाई विभाग ड्रेनेज के अवर अभियंता उमेश कुमार ने बताया कि बिजनौर बैराज से 1.54 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा गया है जो कि सोमवार सुबह तक अनूपशहर पहुंच जाएगा। एसडीएम प्रियंका गोयल ने बताया कि गंगा के बढ़ते जलस्तर पर प्रशासन पूरी तरह निगाह बनाए हैं। बाढ़ चौकियों और लेखपालों को अलर्ट किया गया है।