प्रधानाचार्य की लापरवाही के चलते पांच छात्राओं का साल बर्बाद हो गया है। प्रवेश पत्र न मिलने के कारण छात्राएं बृहस्पतिवार को परीक्षा नहीं दे पाई। मामला डीएम के पास पहुंचा तो उन्होंने डीआईओएस को तलब कर दो स्कूल प्रबंधक के खिलाफ एफआईआर के आदेश दे दिए है।
बिना मान्यता चल रहे नेशनल पब्लिक स्कूल कुदैना के छात्र एक अन्य कॉलेज से संबद्ध है। बृहस्पतिवार से यूपी बोर्ड की परीक्षाएं शुरू हो गई। नेशनल पब्लिक स्कूल में अध्ययनरत पांच छात्राओं को प्रवेश पत्र नहीं मिला जिसके चलते वह परीक्षा नहीं दे पाई। प्रवेश पत्र न मिलने की खबर से अभिभावकों ने डीएम से शिकायत की।
डीएम ने शिकायत पर तुरंत संज्ञान लेते हुए डीआईओएस को तलब किया और दो स्कूल प्रबंधक के खिलाफ एफआईआर के आदेश दिए। छात्राओं का आरोप है कि वह प्रवेश पत्र के लिए पिछले पांच दिनों से स्कूल के चक्कर काट रही थी, लेकिन स्कूल प्रधानाचार्य उन्हें आज-कल कहकर बहका रहा था।
डीआईओएस के अनुसार नेशनल पब्लिक स्कूल मान्यता प्राप्त नहीं है, इस स्कूल के बच्चे आरोपित स्कूल से संबद्ध है। समय पर छात्राओं का ऑनलाइन पंजीकरण नहीं हो पाया जिसके चलते छात्राओं का प्रवेश पत्र नहीं आया है।
जब डीआईओएस से कॉलेज के स्टेटस के बारे में जानना चाहा तो उन्होंने उनके दस्तावेजों को जांचने की बात कही। डीआईओएस वीना यादव का कहना है कि जांच के बाद दोनों स्कूलों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जा रही है।