‘उत्तर प्रदेश में मौजूद सभी राजनीतिक पार्टियों ने हमेशा किसानों का इस्तेमाल किया है। किसानों से वोट लेने के बाद सरकारों ने उनका शोषण किया है। अब किसानों को बदलाव लाना होगा। ’
यह बात राष्ट्रीय किसान मजदूर पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष सरदार वीएम सिंह ने पंडित दीनदयाल शर्मा पार्क में पार्टी के विधानसभा क्षेत्र प्रभारी प्रदीप सिरोही के पक्ष में हुए सभा में कही।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में अखिलेश सरकार ने कभी किसानों के बारे में नहीं सोचा।
सरकार पांच साल में भी गन्ने का उचित मूल्य निर्धारित नही कर पाई और न ही किसानों को उनके गन्ने का भुगतान मिला। उससे पहले प्रदेश में सत्तारूढ़ मायावती की सरकार के कार्यकाल में उन्होने किसानों के गन्ने के मूल्य को लेकर सुप्रीम कोर्ट में केस लड़ा था, तब जाकर सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद मायावती सरकार को गन्ने का रेट बढ़ाना पड़ा था।
मोदी सरकार पर निशाना साधते हुए सरदार वीएम सिंह ने कहा कि नोट बंदी से किसान व मजदूरों की हालत बद से बदतर हो गई। केंद्र सरकार उधोगपतियों की सरकार है। मोदी सरकार को उत्तर प्रदेश की जनता विधानसभा चुनाव में जवाब अवश्य देगी। कहा कि वे पिछले 22 वर्षों से किसानों के हक की लड़ाई लड़ते आ रहे हैं, जो आखिरी सांस तक जारी रहेगी।
उन्होंने पार्टी के स्याना विधानसभा से प्रभारी व प्रत्याशी प्रदीप सिरोही को विजयी बनाने की अपील की। कार्यक्रम में अनूपशहर से पार्टी के प्रत्याशी कर्नल पीजी वशिष्ठ व बुलंदशहर से प्रत्याशी कर्नल रूपगिरी भी मौजूद रहे। कार्यक्रम की अध्यक्षता पूर्व प्रधान जयचंद सिंह व संचालन अवकाश प्राप्त अध्यापक राजबीर सिंह ने किया।
सभा से पहले राष्ट्रीय अध्यक्ष ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानी पंडित दीनदयाल शर्मा और चौधरी अमर सिंह की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया।