काहिरा गांव में डेंगू और बुखार का कहर, 80 से अधिक ग्रामीण बीमार
बुलंदशहर। वायरल बुखार के साथ डेंगू का प्रकोप भी जिले में बढ़ने लगा है। सदर तहसील क्षेत्र के गांव काहिरा में 80 से अधिक लोग बीमार पड़े हैं। इनमें 25 से अधिक लोग शहर के अलग-अलग निजी अस्पतालों में भर्ती कराए गए हैं। गांव में बुखार और डेंगू के चलते 10 दिन में दो लोगों की मौत हो चुकी है।
जिले में सितंबर के शुरुआत से ही डेंगू और मलेरिया का प्रकोप शुरू हो गया था। स्वास्थ्य विभाग विभाग कागजों में अभियान चलाकर खानापूर्ति में जुटा है। शहर से करीब पांच किमी दूर बसे काहिरा गांव में घर-घर लोग बुखार, डेंगू और मलेरिया से जूझ रहे हैं। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में कोई सरकारी चिकित्सालय नहीं है। लोग गांव में बैठे झोलाछापों से इलाज करवा रहे हैं। सुधार न होने पर निजी अस्पतालों की शरण लेनी पड़ रही हैं। मदनपाल सिंह, रानी, आनंदी, शकुंतला और कविता का गांव में उपचार चल रहा है।
अधिकतर बीमार लोग घर पर करवा रहे इलाज
गांव निवासी रामवती, सुभाष और नरेंद्र आदि ने बताया कि गांव में घर-घर लोग बीमार हैं। किसी घर में दो से अधिक तो कोई पूरा परिवार बीमारी से जूझ रहा है। कुछ लोग रुपये के अभाव में मजबूरन घर पर ही इलाज करवाने को मजबूर हैं। कुछ लोग गांव छोड़कर शहर में इलाज करवाने गए हुए हैं। गांव में गंदगी के जगह-जगह ढेर लगे हुए हैं। लोगों ने आरोप लगाया है कि सफाई व्यवस्था न होने के कारण मच्छर पनप रहे हैं। गांव में 80 से अधिक लोगों के बीमार होने के कारण गलियां सुनसान हैं। लोगों को डर है कि घर से बाहर निकले तो संक्रामक लोग चपेट में ले लेगा।
10 दिन में दो लोगों की हो चुकी मौत
चार सितंबर को 40 वर्षीय गजेंद्र पुत्र केशू की मेरठ के अस्पताल में मौत हो गई थी। मां रामवती ने बताया कि बुखार आने पर उसे नगर के एक निजी अस्पताल में भर्ती करवाया था। डॉक्टरों ने डेंगू बुखार बताया था। स्थिति में सुधार नहीं होने पर मेरठ के नवजीवन अस्पताल में भर्ती कराया। वहां उपचार के दौरान तीन सितंबर की रात उसकी मौत हो गई। 24 वर्षीय दिनेश पुत्र राधे पिछले एक सप्ताह से बुखार से पीड़ित था। नगर के निजी अस्पताल में सुधार न होने पर परिजन दिल्ली ले गए थे। बुधवार को दिनेश ने दम तोड़ दिया।
इनका चल रहा निजी अस्पताल में उपचार
नगर के चांदपुर रोड स्थित सत्यवती हॉस्पिटल में काहिरा गांव के अब तक करीब 25 लोग भर्ती हो चुके हैं। इसमें चार रेफर तो 10 से अधिक डिस्चार्ज होकर घर जा चुके हैं। विकास, नागेंद्र, श्रीपाल, मनीषा, नीतू, रामवती, योगेंद्र, पूजा, मीनू, चंचल आदि एक ही अस्पताल में भर्ती हैं। उपचार कर रहे चिकित्सक डॉ. घनेंद्र कुमार ने बताया कि सभी लोगों की एनएस-1 किट से जांच में रिपोर्ट पॉजिटिव आ रही है। सुभाष, यशोदा, गौरी, मनोज, दिनेश नगर के अन्य निजी अस्पतालों में भर्ती हैं।
गांव में बृहस्पतिवार को स्वास्थ्य कैंप लगवाकर सैंपल लिया गया है। रिपोर्ट आने पर बीमारी के बारे में पता चल सकेगा। दो मौतों की जानकारी नहीं है। गांव में एंटी लार्वा का छिड़काव भी करवाया जाएगा। जिन लोगों को डेंगू बताया जा रहा है, उनका सैंपल लेकर जांच कराई जाएगी। - डॉ. विनय कुमार सिंह, सीएमओ