नाबालिग बिटिया के हाथ पीले करने पर अड़े पति की जिद के आगे बेबस पत्नी ने फंदा लगाकर मौत को गले लगा लिया। पुलिस ने सांठगांठ कर अपनी मौजूदगी में शव का अंतिम संस्कार करवा दिया। पुलिस के मुताबिक, परिजनों ने कार्रवाई से इनकार कर दिया था।
रबूपुरा थाना क्षेत्र की रहने वाली महिला की शादी करीब 25 साल पहले चोला चौकी क्षेत्र के गांव में हुई थी। दंपति को दो लड़के और एक लड़की है। ग्रामीणों ने बताया कि बेटी अभी 15 साल की है। उससे बड़े उसके दो भाई हैं, लेकिन पिता ने चोला क्षेत्र के गांव में पहले बेटी का रिश्ता तय कर दिया।
जब यह बात पत्नी को पता चली तो उसने पति को कई बार समझाया, लेकिन महिला की एक न सुनी गई। बता दें कि शुक्रवार दोपहर बिटिया की ससुराल पीली चिट्ठी (रस्म का न्यौता) जानी थी। बृहस्पतिवार रात महिला ने पति की जिद के आगे बेबस होकर देर रात आंगन में कुंदे से फंदा डालकर अपनी जीवन लीला समाप्त कर ली।
शुक्रवार सुबह जब परिवार के लोगों ने देखा तो उनकी पैरों तले जमीन खिसक गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने की तैयारी भी की। थोड़ी देर में ही पुलिस ने बिना कार्रवाई किए ही शव का अंतिम संस्कार करा दिया।
ग्रामीणों ने बताया कि पुलिस ने परिजनों से सांठगांठ के बाद यह निर्णय लिया। चौकी प्रभारी का कहना है कि महिला के फंदे पर लटके मिलने की सूचना उच्चाधिकारियों को दी थी। परिजनों ने कार्रवाई कराने से इनकार कर दिया था। जिसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए नहीं भेजा गया।
घटना की सूचना पर पुलिस मौके पर गई थी। परिजनों ने कार्रवाई करने से इनकार कर दिया था। जिसके बाद परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार कर दिया। तहरीर मिलने पर रिपोर्ट दर्ज कर कार्रवाई की जाएगी।
-राम मोहन सिंह, एसपी सिटी