मंगलवार रात एक बार फिर पुलिस लाइन गोलियों की आवाज से दहल गई। पुत्र के जन्मदिन की खुशी में अपने साढ़ू और दोस्तों के साथ कार में बैठकर शराब पी रहा फॉलोअर एक कांस्टेबल को मारने पर उतारू हो गया। कांस्टेबल का कसूर सिर्फ इतना था कि उसने तेज आवाज में गाना बजाने और आपस में गाली-गलौंच करने से मना किया था।
आरोपियों से खुद को घिरता देख कांस्टेबल ने आत्मरक्षा में जमीन पर गोली चला दी। गोली स्कॉर्पियो गाड़ी के टायर में लगी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने तीन लोगों को पकड़ लिया। जबकि तीन अज्ञात लोग भागने मेें सफल हो गए। एसएसपी ने तीनों को सस्पेंड कर दिया है।
आरआई लाइन अखिलेश कुमार सिंह ने कोतवाली में दी तहरीर में बताया कि 30 अगस्त की रात 11 बजकर 20 मिनट पर लाइन स्थित आवास में रहने वाले फॉलोअर मनोज कुमार पुत्र स्व. राजपाल सिंह निवासी छपकौली थाना बाबूगढ़ जिला हापुड़ के पुत्र का जन्म दिन था।
इस मौके पर मनोज का साढ़ू कांस्टेबल अरविंद कुमार पुत्र स्व. शिवराज सिंह निवासी उत्तम नगर गुप्ता कॉलोनी थाना टीपी नगर हाल तैनाती खुर्जा नगर अपने तीन अज्ञात साथियों के साथ आवास के सामने स्कॉर्पियो गाड़ी में बैठकर शराब पी रहा था और तेज आवाज में संगीत बजा रहा था।
यही नहीं ये लोग आपस में गाली-गलौंच भी कर रहे थे। मनोज के आवास के निकट स्वाट टीम में तैनात कांस्टेबल संदीप राठी पुत्र स्व. किरनपाल सिंह निवासी गांव दूदाहेड़ी थाना मंसूरपुर जिला मुजफ्फरनगर ने उन्हें टोका तो वे सभी उसे मारने के लिए दौड़ पड़े।
संदीप राठी ने आरोपियों से खुद को घिरता हुआ देख आत्मरक्षा में सरकारी पिस्टल से जमीन पर फायरिंग कर दी। एक गोली स्कॉर्पियो कार के टायर में लगी। गोली चलने की आवाज से पुलिस लाइन में अफरातफरी मच गई। सूचना पर पुलिस पहुंची तो संदीप ने खुद को सरेंडर कर दिया।
पुलिस ने संदीप राठी, फॉलोअर मनोज और अरविंद कुमार को पकड़ लिया और कोतवाली ले आई। तीन अज्ञात लोग भागने में सफल हो गए। एसएसपी ने अनुशासनहीनता के चलते कार्रवाई करते हुए तीनों को सस्पेंड कर दिया है। अभियोजन अधिकारी संजय सुमन ने बताया कि कांस्टेबल संदीप राठी, कांस्टेबल अरविंद और फॉलोअर मनोज को एसीजेएम तृतीय प्रदीप कुमार राम के न्यायालय में पेश किया। न्यायाधीश ने तीनों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है।
देर रात तक कोतवाली में डटे रहे एसएसपी
एसएसपी देर रात तक नगर कोतवाली में डटे रहे। उन्होंने तीनों से अलग-अलग पूछताछ की। बताते हैं कि आरोपी मनोज और कांस्टेबल अरविंद ने एक बार भी कप्तान के सामने गलती महसूस नहीं की।
पुरानी गाड़ियों की खरीद फरोख्त करता है मनोज
सूत्रों के मुताबिक, मृतक आश्रित में फॉलोअर की नौकरी करने वाला मनोज पुरानी गाड़ियों की खरीद-फरोख्त करता है। उसी ने अपने साढ़ू अरविंद को स्कॉर्पियो गाड़ी दिलाई है।
पुलिस लाइन में एक फॉलोअर अपने साढ़ू और तीन अज्ञात लोगों के साथ शराब पीकर तेज आवाज में गाने चल रहा था।
कांस्टेबल संदीप राठी ने विरोध किया तो वे लोग उसे मारने दौड़ पड़े। कांस्टेबल संदीप ने फायरिंग कर दी। गोली गाड़ी के टायर में लगी। एसएसपी अनीस अहमद ने तीनों को सस्पेंड कर दिया है। - मानसिंह चौहान, एसपी सिटी