पुलिस विभाग में चुनाव सामग्री में फर्जीवड़े का मामला अभी शांत हुआ था कि अब विभाग के बाबुओं द्वारा पुलिसकर्मियों की जांचों से जुड़ीं सैकड़ों पत्रावलियां गायब करने का मामला सामने आया है।
पत्रावलियाें के गायब होने से विभाग में हड़कंप मचा हुआ है। ये पत्रावलियां पुलिसकर्मियों के खिलाफ होने वाली दंडात्मक कार्रवाई से जुड़ी हैं। मामला संज्ञान में आने पर एसएसपी ने जांच के निर्देश दिए हैं।
एसएसपी पीयूष श्रीवास्तव के इटावा ट्रांसफर होने के बाद जब नए एसएसपी वैभव कृष्ण ने चार्ज संभाला तो उन्होंने पुलिसकर्मियों के खिलाफ होने वाली कार्रवाई से संबंधित पत्रावलियां मांगीं। उसमें सेे सैंकड़ों पत्रावलियां गायब मिलीं।
सूत्रों के मुताबिक, पुलिस ऑफिस से 450 से अधिक पत्रावलियां गायब हैं। इनमें पुलिसकर्मियों द्वारा रिश्वत, शराब पीकर उत्पात मचाना, अनुपस्थिति, अभद्रता, विभागीय कार्य में लापरवाही आदि मामलों में होने वाली कार्रवाई से जुड़ीं पत्रावलियां हैं।
पत्रावलियां गायब होने पर पुलिस विभाग में हड़कंप मचा हुआ है। एसएसपी वैभव कृष्ण ने मामले पर जांच बैठा दी है। बता दें कि करीब आठ साल पहले भी विभाग से सैंकड़ों पत्रावलियां गायब हो गई थीं। तत्कालीन एसएसपी नीलेश कुमार ने जांच के बाद कई बाबुओं पर कार्रवाई की थी।
पैसा लेकर गायब तो नहीं हुईं पत्रावलियां!
सूत्रों के अनुसार जिन पुलिसकर्मियों के खिलाफ जांच चल रही है विभाग के बाबू उन पुलिसकर्मियों से रुपये लेकर पत्रावली गायब कर देते हैं। ताकि कप्तान बदलने के बाद उनके खिलाफ कार्रवाई न हो सके।
चुनाव सामग्री घोटाले ने कराई थी विभाग की फजीहत
करीब छह माह पहले पंचायत चुनाव के लिए खरीदी गई चुनाव सामग्री में विभाग के बाबुओं ने फर्जीवाड़ा कर दिया था। रिकॉर्ड कीपर ने तत्कालीन सीओ ऑफिस और फर्म से मिलीभगत करके विभाग को लाखों रुपये का चूना लगाया था। एसएसपी पीयूष श्रीवास्तव ने चार्ज संभालते ही रिकॉर्ड कीपर को सस्पेंड कर दिया था।
अपनी-अपनी गर्दन बचाने में जुटे बाबू
मामले को तूल पकड़ता देख विभाग के बाबू अपनी-अपनी गर्दन बचाने में जुट गए हैं। बुधवार दोपहर विभाग में दिनभर हड़कंप रहा। बाबू एक-दूसरे पर पत्रावली गायब करने का आरोप मढ़ते रहे।
पुलिसकर्मियों के खिलाफ होने वाली कार्रवाई से जुड़ी पत्रावलियां विभाग से गायब हो गई हैं। हालांकि, पत्रावलियां विभाग में ही हैं, लेकिन मिल नहीं रही हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच बैठा दी गई है। दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। - वैभव कृष्ण, एसएसपी