पावर कारपोरेशन में एक के बाद एक फर्जीवाड़े खुलने का सिलसिला जारी है। बुलंदशहर, ककोड़, डिबाई और खुर्जा में एक और 76 लाख रुपये की हेराफेरी सामने आई है। मामला खुलते ही अफसरों में हड़कंप मच गया। अधीक्षण अभियंता ने एक्सईएन खुर्जा को जांच के निर्देश देते हुए पूरे मामले की रिपोर्ट तलब की है।
पावर कारपोरेशन के खुर्जा खंड में एक कैशियर को जारी की गई 14 रसीद बुकों को करीब तीन साल से विभाग में जमा नहीं किया गया है। अफसर इन रसीद बुकों को जारी करके ही भूल गए। न ही कभी गायब चल रही इन रसीद बुकों का मिलान किया गया। इन रसीद बुकों पर करीब 76 लाख रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ।
न तो इस राजस्व को विभाग में जमा किया गया, न ही इन रसीद बुकों को। अब मामला खुलते ही हड़कंप मच गया है। आनन-फानन में उक्त कैशियर को नोटिस जारी कर दिया गया है। अधीक्षण अभियंता ने एक्सईएन खुर्जा को पूरे मामले की जांच के निर्देश देते हुए सात दिन के भीतर रिपोर्ट तलब की है।
वहीं सूत्रों का दावा है कि आरोपी कैशियर नोटिस जारी होते ही गायब हो गया है। न तो कैशियर अब रसीद बुक जमा करने को तैयार है और न ही राजस्व। लापरवाही की पोल न खुले, इस डर से अफसर उच्चाधिकारियों को भी रिपोर्ट भेजने से कतरा रहे हैं।
359 उपभोक्ताओं को 1.25 करोड़ के नोटिस जारी
पावर कारपोरेशन में हुए फर्जीवाड़े का अंजाम अब उपभोक्ताओं को भुगतना पड़ेगा। फर्जीवाड़े में फंसे उपभोक्ताओं से ही दोबारा बिल वसूलने की तैयारी शुरू हो गई है। इसके लिए 359 उपभोक्ताओं को 1.25 करोड़ से ज्यादा के सेक्शन तीन के नोटिस जारी किए गए हैं।
पावर कारपोरेशन के सिकंदराबाद खंड के ककोड़ उपखंड में पीडी (स्थायी विच्छेदन) में करीब 75 लाख रुपये का फर्जीवाड़ा सामने आया था। जांच की गई तो यह फर्जीवाड़ा 1.25 करोड़ तक पहुंच गया। इस मामले में बाबू को निलंबित कर दिया गया। अधीक्षण अभियंता राकेश कुशवाहा ने बताया कि जिन उपभोक्ताओं की पीडी या बिल गलत तरीके से खत्म किए गए हैं, उन्हें दोबारा चार्ज किया जाएगा।
इस बाबत 359 उपभोक्ताओं को 1.25 करोड़ के सेक्शन तीन के नोटिस जारी किए गए हैं। यदि पैसा नहीं लौटाया गया, तो आरसी जारी की जाएगी। उपखंड के सभी बाबुओं का तबादला कर स्पष्टीकरण तलब किया गया है।
वहीं अधीक्षण अभियंता के निर्देश एसडीओ ककोड़ विवेक रोष की तरफ से नगर कोतवाली में आरोपी बाबू के खिलाफ वित्तीय गबन में रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए तहरीर दी गई, लेकिन तहरीर लौटा दी गई। प्रभारी नगर कोतवाल पोषीराम शर्मा के मुताबिक अभी तक विभागीय जांच पूरी नहीं होने के कारण रिपोर्ट दर्ज नहीं की।
एसएसपी यदि निर्देश देंगी तो एफआईआर दर्ज की जाएगी। इस पर एसडीओ ने एसई को सूचित किया है। इस बाबत एसई ने रिपोर्ट दर्ज कराने के लिए एसएसपी को पत्र लिखा है।
एक कैशियर द्वारा 14 रसीद बुक जमा नहीं करने का मामला संज्ञान में आया है। रसीद बुकों पर करीब 76 लाख रुपये के राजस्व आया, जिसे विभाग में जमा नहीं किया गया। मामला संज्ञान में आते ही एक्सईएन खुर्जा को जांच के आदेश दिए गए हैं। सात दिन में जांच रिपोर्ट मांगी गई है।
- एके सिंह, अधीक्षण अभियंता