समाज में नफरत फैलाने वाला वीडियो वायरल करने वाला रिहान पहासू में बवाल के बाद कोर्ट में सरेंडर अर्जी डालते ही पुलिस के रडार पर आ गया था। इससे पूर्व पुलिस को सिर्फ इतना ही पता था कि रिहान हैदराबाद में है। पुलिस हैदराबाद अपनी टीम भी भेज चुकी थी।
शातिर दिमाग रिहान ने वीडियो वायरल होने के बाद अपना मोबाइल स्विच ऑफ कर लिया था। परिजनों ओर परिचितों से संपर्क करने के लिए वह मोबाइल मांगकर या फिर पीसीओ फोन करता था। 25 फरवरी से जनपद पुलिस के लिए सिरदर्द बने सिरफिरे रिहान अली को मंगलवार दोपहर 12 बजे बुलंदशहर रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
रिहान को गिरफ्तार करने में पुलिस वाहवाही बटोर रही है, लेकिन रिहान की गिरफ्तारी के पीछे उसके द्वारा डाली गई सरेंडर एप्लीकेशन है। एक पुलिस अधिकारी ने बताया कि 25 फरवरी की दोपहर रिहान का नफरत भरा वीडियो वायरल होने के बाद लोगों में आक्रोष भड़क गया। 26 फरवरी में कस्बा पहासू में जमकर बवाल हुआ।
इससे पुलिस के हाथ पैर फूल गए। पुलिस की एक टीम रिहान को पकड़ने के लिए हैदराबाद भी पहुंच गई थी। पहासू पुलिस ने रिहान के परिवार को नजरबंद कर दिया था। इसकी जानकारी जब रिहान को लगी तो उसने कोर्ट में सरेंडर करने की ठान ली। रिहान ने एक अधिवक्ता से संपर्क साधकर 27 फरवरी में सीजेएम कोर्ट में सरेंडर एप्लीकेशन लगाई।
रिहान के सरेंडर किए जाने की सूचना जैसे ही पुलिस को लगी, वैसे ही पुलिस उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस सक्रिय हो गई। जब रिहान बुलंदशहर आया तो उसे पता चला कि पहासू थाने की कोर्ट खुर्जा में है। उसे खुर्जा कोर्ट में ही सरेंडर करना है। पुलिस को जब यह जानकारी मिली कि रिहान बुलंदशहर से खुर्जा जाने की फिराक में है तो पुलिस की एक टीम रोडवेज अड्डे, भूड़ चौराहा और डीएवी तिराहे पर लग गई।
उधर रिहान ने दोपहर 1.50 मिनट पर बुलंदशहर से खुर्जा जाने वाली मेरठ-खुर्जा पैसेंजर से खुर्जा जाने का निर्णय लिया। पुलिस की एक टीम रिहान को तलाश करते हुए रेलवे स्टेशन पहुंच गई। जहां सादा वर्दी में टीम के एक सदस्य ने रिहान से हाथ मिलाया और गिरफ्तार कर लिया।
झांसी और आगरा के रास्ते पहुंचा बुलंदशहर
मिली जानकारी के मुताबिक, रिहान आंध्र प्रदेश के कुर्नूल जनपद के कस्बा नदियाल में बस स्टैंड के सामने वाली गली में एक किराए के मकान में अपने साथियों के साथ रहता था। 26 फरवरी को पहासू में हुए बवाल की जानकारी जब रिहान को हुई तो उसने बुलंदशहर पहुंचकर कोर्ट में सरेंडर करने की ठान ली।
रिहान सोमवार सुबह आंध्र प्रदेश से चला और ट्रेन में बैठकर झांसी पहुंच गया। इसके बाद रिहान बस द्वारा आगरा पहुंचा। वहां से मंगलवार सुबह डग्गामार वाहन में सवार हो बुलंदशहर पहुंचा, लेकिन सरेंडर करने से पहले ही पकड़ा गया।
जेल में कड़ी निगरानी में रहेगा रिहान
जेल अधीक्षक विजय विक्रम सिंह ने बताया कि रिहान को जेल में सबसे अलग रखा गया है। साथ ही रिहान की निगरानी की जा रही है। जेल अधीक्षक ने बताया कि सिकंदराबाद में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर अभद्र टिप्पणी करने वाले दो आरोपियों शाबेज पुत्र आस्कीन और मोहम्मद जैद पुत्र हाजी आरफीन को भी अन्य बंदियों से अलग रखा गया है। जेल प्रशासन ने यह कदम सुरक्षा की दृष्टि से उठाया है।
साइबर सेल करेगी मामले की विवेचना
एसओ पहासू कौशलेंद्र यादव ने बताया कि मामला आईटी एक्ट के अंतर्गत आता है। इसलिए अब पूरे मामले की विवेचना साइबर सेल के द्वारा की जाएगी। एसपी देहात जगदीश शर्मा ने बताया कि रिहान से पूछताछ के लिए कोर्ट उसका कस्टडी रिमांड मांगा जाएगा। कोर्ट द्वारा आदेश मिलने पर पूछताछ की जाएगी। इसके बाद ही पता चल सकेगा कि रिहान ने किसके कहने पर भड़काऊ वीडियो शूट किए।