सहारनपुर की जातीय हिंसा के बाद मंगलवार को कसबे में माहौल भड़काने की कोशिश की गई। पुलिस चौकी से मात्र दस कदम की दूरी पर मना करने के बावजूद एक युवक को भीम आर्मी की कथित वीडियो दिखाई गई। इससे उसकी भावनाएं आहत हुई हैं। पुलिस ने मोबाइल बरामद कर दोनों आरोपियों को जेल भेज दिया है।
सहारनपुर में जातीय हिंसा की आग अभी ठंडी नहीं हो पाई है। इसी बीच मंगलवार को कसबे में जबरन सहारनपुर कांड की वीडियो दिखाकर माहौल खराब करने का प्रयास किया गया। पुलिस चौकी से मात्र दस कदम की दूरी पर टैक्सी स्टैंड है।
पुलिस के अनुसार जहांगीराबाद के गांव कुरैना निवासी भीमसेन टैक्सी स्टैंड पर मंगलवार को कार की बुकिंग कर रहा था। इस दौरान टैक्सी स्टैंड पर मौजूद मुकेश निवासी जंगलीपीर व दिनेश निवासी गांव पसौली के दोनों मोबाइल में सहारनपुर दंगों की वीडियो देख रहे थे।
बाद में दोनों युवक वीडियो भीमसेन को दिखाने लगे। भीमसेन के मुताबिक एक जाति के बड़े नेता के खिलाफ अशोभनीय हरकत वीडियो में दिखाकर उसकी भावना को भड़काने का प्रयास किया गया।
पीड़ित ने 100 नंबर पर फोन कर पुलिस को मामले की सूचना दी। सूचना पाकर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों युवकों को हिरासत में लेकर थाने ले आई। पीड़ित ने दोनों को नामजद करते हुए घटना की रिपोर्ट दर्ज कराई है।
इंस्पेक्टर संजीव कुमार ने बताया कि अशांति फैलाने वाले मुकेश और दिनेश को जेल भेज दिया गया है। किसी भी सूरत में धार्मिक भावनाओं से खिलवाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जायेगा।