नरौरा नहर में कार के मिलने और उसमें तीन शव मिलने के मामले में साजिश की तफ्तीश का रुख तांत्रिक सलीम का शव मिलने के बाद बदल गया है। अब शक का दायरा लापता प्रीति की ओर सिमट रहा है। उसके साथ ही लापता ड्राइवर ओमपाल की तलाश में नरौरा-नोएडा पुलिस ने कासगंज के नगरई झाल तक सर्च अभियान चलाया।
दूसरी ओर दोनों के मोबाइल नंबरों को सर्विलांस पर डाल दिया गया है। साथ ही उस व्यक्ति के बारे में भी पता लगाया जा रहा है जिसे प्रीति ने बदायूं में फोन करके बुलाया था। मालूम रहे कि शुक्रवार तड़के नरौरा में नहर से निकाली गई कार में राजे, उसकी पत्नी धर्मवती और सलहज प्रीति के शव मिले थे। वहीं तीन परिजन बेटा ललित, बहू शीतल और साला राजेंद्र बदायूं में बेहोश मिले।
पुलिस पूछताछ में सभी ने बदायूं में जियारत के बाद कोल्डड्रिंक पीने से बेहोश होने की बात कही थी। इन सब के साथ राजे की बेटी प्रीति, ड्राइवर ओमपाल और तांत्रिक सलीम भी था, जिनका उस वक्त कोई पता नहीं चला। अगले ही दिन सलीम का शव भी रामघाट क्षेत्र में नहर से मिला।
अब ड्राइवर ओमपाल और प्रीति की लापता बचे हैं जिनकी तलाश की जा रही है। इस मामले में नरौरा में हादसे की और ग्रेटर नोएडा में हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी क्योंकि शव नरौरा मेें मिले और सभी ग्रेटर नोएडा के नवादा गांव के रहने वाले थे।
नोएडा से शुरू हुई कहानी बदायूं होते हुए बुलंदशहर के नरौरा आते-आते ऐसी उलझ गई कि तीन जनपदों की पुलिस भी पसीना छोड़ते नजर आ रही है। मृतक परिवार के मुखिया राजे का बेटा ललित कुछ और कहानी बता रहा है। बदायूं में ढाबे पर पहुंचे पुलिसकर्मी कुछ और बता रहे हैं।
हत्या की रिपोर्ट तांत्रिक सलीम के नाम दर्ज कराई गई है। इसके बाद तांत्रिक सलीम का ही शव नहर से बरामद हो रहा है। अब सर्विलांस का ही सहारा बचा है। जब तक प्रीति और ड्राइवर ओमपाल नहीं मिल जाते, तब तक सर्विलांस की मदद से ही सच का खुलासा करने की कोशिश की जा रही है।
पुलिस मृतक परिवार के मुखिया राजे समेत बदायूं जाने वाले सभी सदस्यों, तांत्रिक सलीम और ड्राइवर ओमपाल की कॉल डिटेल निकाल रही है। प्रीति समेत परिवार के सदस्यों के फोन भी सर्विलांस पर लगाए गए हैं।
गोरे युवक और फोन नंबर खोलेगा राज
ग्रेटर नोएडा(ब्यूरो)। नरौरा नहर में चार लोगों की संदिग्ध हालात में मौत और युवती व ड्राइवर की गुमशुदगी की पुलिस नेे पड़ताल शुरू कर दी है। पुलिस संदिग्ध गोरे लड़के और एक मोबाइल नंबर की छानबीन कर रही है। वहीं, चालक के परिजन भी रविवार को कासना कोतवाली पहुंचे और उन्होंने निष्पक्ष जांच की मांग की।
पुलिस को जानकारी मिली है कि बदायूं ढाबे पर नशीले पदार्थ का सेेवन करनेे के बाद जब राजे के परिवार के लोग बेहोश थेे, उस दौरान वहां चालक भी बेहोश था। प्रत्यक्षदर्शियों ने चालक को गाड़ी की बीच की सीट पर बेहोशी की हालत में देखा था। वहीं, गाड़ी के पास एक लंबे कद का गोरा युवक खड़ा था।
जांच में एक ऐसा फोन नंबर भी मिला हैै, जिसका इस्तेमाल घटना की रात दो बार किया गया था। इससे पहले और बाद में कोई कॉल नहीं की गई। इससे यह नंबर पुलिस रडार पर है और इसकी पड़ताल शुरू कर दी गई है।
कासगंज तक चल रहा सर्च अभियान
हादसे के बाद से लापता चल रही राजे की बेटी प्रीति और ड्राइवर ओमपाल के शव को ढूंढने के लिए बुलंदशहर और नोएडा पुलिस ने सर्च अभियान तेज कर दिया है। पुलिस एक्सपर्ट गोताखोरों की मदद से नरौरा से लेकर कासगंज के नगरई झाल तक 55 किमी के एरिया में गहनता से शवों की जांच चल रही है।
गौरतलब है कि नरौरा नहर से निकलने वाले शव कासगंज के नगरई झाल में अटक जाते हैं। यहां इन शवों को आसानी से निकाला जा सकता है। पुलिस ने गोताखोरों की टीम को नगरई झाल में भी उतारा है। यहां इन शवों की तलाश की गई, लेकिन पुलिस को तीसरे दिन भी कोई कामयाबी हाथ नहीं लगी।
नरौरा प्रभारी एचएन सिंह ने बताया कि शवों की तलाश लगातार तीसरे दिन भी जारी है। नोएडा और नरौरा पुलिस ने संयुक्त अभियान चलाकर शवों की तलाश की, लेकिन कोई सुराग हाथ नहीं लगा है।
100 किमी किसने चलाई गाड़ी
पुलिस के सामने घटना से जुड़ा बड़ा सवाल यह भी सामने आया है कि जब बदायूं के ढाबे पर चालक बेहोश था तो वहां से लगभग 100 किलोमीटर दूर घटनास्थल तक ईको कार किसने चलाई। वहीं, पुलिस मामले की तह तक जाने के लिए हादसे में बचेे राजे के परिवार के तीन सदस्यों से पूछताछ की तैैयारी कर रही है।
पुलिस को किसने बैरंग लौटाया
घटना की रात बदायूं पुलिस को किसी ने ढाबे पर कुछ लोगों के बेहोश होने की जानकारी दी थी। सूचना पर बदायूं पुलिस मौके पर पहुंची थी। पुलिस नेे पड़ताल की तो किसी ने उनसेे यह कह दिया कि सभी लोग परिवार के हैं और बीमार हैं। पुलिस जवाब सुनकर लौट गई। बदायूं पुलिस को किसने लौटाया था। पुलिस इसका पता लगा रही है।
खीर में तो नहीं डाला गया नशीला पदार्थ
जांच में सामने आया है कि परिवार के लोगों ने खीर का भी सेवन किया था। इसके चलते पुलिस अब यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि नशीला पदार्थ खीर में था या कोल्डड्रिंक में।