पचास हजार रुपये का इनामी बदमाश लौबिन गिरफ्तार
बुलंदशहर। आगरा सेंट्रल जेल से वर्ष 2005 में पैरोल पर आने के बाद आजीवन कारावास का आरोपी लौबिन फरार हो गया था। उस पर पचास हजार रुपये के इनाम की घोषणा की गई थी। शनिवार को क्राइम ब्रांच की टीम ने आरोपी को काली नदी पुल के पास से दबोच लिया। साथ ही आरोपी की गिरफ्तारी के संबंध में केंद्रीय कारागार आगरा को अवगत करा दिया गया है।
एसपी क्राइम शहाब रशीद खां ने बताया कि 8 सितंबर 1997 को स्याना क्षेत्र के गांव वैरा फिरोजपुर निवासी लौबिन उर्फ योगेश पुत्र देवेंद्र सिंह ने अपने साथियों के साथ मिलकर गांव निवासी रमेश, हरकेश, रामशरण और छतर पर लाठी-डंडो व तलवार से जानलेवा हमला कर दिया था। उपचार के दौरान इन लोगों की मौत हो गई थी। पुलिस ने मामले में नौ नामजद आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर विवेचना के बाद चार्जशीट कोर्ट में पेश कर दी थी। बाद में वर्ष 2000 में न्यायाधीश ने मामले में लौबिन समेत सात आरोपियों को फांसी व दो आरोपियों को आजीवन कारावास सुनाया था। लेकिन, वर्ष 2001 में आठों फांसी के आरोपियों की सजा को आजीवन कारावास में तब्दील कर दिया गया था। 13 मार्च 2005 को आरोपी लौबिन आगरा सेंट्रल जेल से दो माह की पैरोल पर छूटकर आया था। लेकिन पैरोल समाप्ति के बाद उसने जेल में आत्मसमर्पण नहीं किया था। वह तभी से फरार चल रहा था। तत्कालीन एसएसपी ने उस पर पचास हजार रुपये के इनाम की घोषणा की थी। उसकी तलाश में लगातार दबिश दी जा रही थीं। वहीं, शनिवार को मुखबिर की सूचना पर आरोपी को काली नदी पुल के पास से दबोच कर केंद्रीय कारागार आगरा को अवगत करा दिया गया है। जल्द ही आगरा कारागार पुलिस को आरोपी को सौंप दिया जाएगा।