दरोगा की लापरवाही से थाने में महिला को लगी गोली, घायल
- महिला डिबाई थाने में पति के साथ पहुंची थी शिकायत करने, अफसर अंजान
अमर उजाला ब्यूरो
बुलंदशहर/डिबाई।
डिबाई थाने में शुक्रवार सुबह एक दारोगा की लापरवाही फरियादी महिला पर भारी पड़ गई। दारोगा ने साथी को तमंचा चेक करने को दिया तो उससे चली गोली फरियादी महिला के पैर में जा लगी। इसके बाद डिबाई थाने से लेकर उच्चाधिकारी मामले को दबाने में जुट गए। थाना पुलिस से लेकर अधिकारी 12 घंटे तक मामले की जानकारी होने से इंकार कर रहे हैं, जबकि थाना पुलिस घायल महिला का निजी अस्पतालों में दिनभर उपचार कराती रही। मामला एसएसपी के संज्ञान में आने पर उन्होंने जांच के बाद कार्रवाई की बात कही।
डिबाई थाना क्षेत्र के गांव बदौर निवासी महिला लज्जा देवी पत्नी जगदीश कुमार शुक्रवार सुबह डिबाई थाने में फरियाद लेकर पहुंची थी। महिला के वायरल वीडियो में वह बता रही कि जब वह पति संग थाने पर पहुंची तो इस दौरान कुर्सी पर बैठे एक दारोगा को किसी व्यक्ति ने एक तमंचा दिया। दारोगा ने पूछा कि इसे चलाकर दिखाओ। इसी दौरान अचानक तमंचे से गोली चल गई और महिला के पैर में उससे निकले छर्रे घुस गए। गोली चलते ही थाने में अफरातफरी मच गई। आनन फानन में थाना पुलिस महिला को नगर के एक निजी अस्पताल में लेकर पहुंची, जहां से उसे हायर मेडिकल सेंटर रेफर कर दिया गया। पुलिसकर्मी आनन-फानन में महिला को बुलंदशहर स्थित एक निजी अस्पताल में लेकर पहुंचे। अस्पताल के एक कर्मचारी ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि महिला को थाने में गोली लगी थी, इस दौरान एक अधिकारी ने फोन पर जल्द से जल्द प्राथमिक उपचार के बाद महिला को हायर सेंटर रेफर करने के लिए कहा था। इसके बाद महिला को प्राथमिक उपचार के बाद एचएमसी रेफर कर दिया गया और पुलिसकर्मी उसे अपने साथ ले गए। इसी दौरान किसी ने महिला का वीडियो बना लिया, जिसमें महिला डिबाई थाने में दारोगा के सामने खुद को गोली लगने की बात बता रही है। हालांकि मामले में थाना स्तर से लेकर उच्च अधिकारियों तक ने चुप्पी साध रखी है। सीओ डिबाई राघवेंद्र मिश्रा औैर एसपी देहात रईस अख्तर ने भी मामले की जानकारी से इंकार किया।
एसएसपी को भी नहीं कराया अवगत
डिबाई थाने में महिला को गोली लगने के बाद पुलिस ने मामले को तो दबाए ही रखा। साथ ही मामले से एसएसपी को भी अवगत नहीं कराया गया। रात करीब साढ़े आठ बजे जब इस बाबत एसएसपी केबी सिंह से जानकारी करने की कोशिश की गई तो उन्होंने भी मामले से अनभिज्ञता जताते हुए जांच के बाद सख्त कार्रवाई की बात कही।
आखिर थाने में कैसे पहुंचा तमंचा!
महिला के पैर में लगी गोली का मामला तूल पकड़ता जा रहा है। सबसे बड़ा सवाल है कि महिला के पैर में जिस तमंचे से गोली चली वह थाने में कहां से पहुंचा? इस बाबत भी अधिकारी चुप्पी साधे हैं।
हो सकता था बड़ा हादसा
तमंचे से चली गोली से घायल हुई महिला के साथ बड़ा हादसा भी हो सकता था। इसमें किसकी लापरवाही है, यह तो जांच का विषय है। लेकिन, यदि गोली महिला को कहीं और लगती तो उसकी जान भी जा सकती थी।