ऊंचागांव। सोमवार को पुलिस जीप को बचाने के चक्कर में गन्ने से लदा ओवरलोड ट्रक कार व ट्रैक्टर-ट्रॉलियों पर पलट गया। दौरान कार में सवार चालक करीब दो घंटे तक गन्नों से भरे ट्रक के नीचे दबा रहा। ट्रक के पलटते ही मौके पर चीख-पुकार मच गई। लोगों ने पुलिस के साथ जेसीबी की मदद से कार चालक को बाहर निकालकर अस्पताल में भर्ती कराया। जहां उसकी हालत स्थिर बनी हुई है।
मंगलवार की दोपहर करीब 12 बजे ओवर लोड ट्रक भड़काऊं गन्ना क्रय केंद्र से गन्ना लेकर अगौता जा रहा था। करीब 12:15 बजे भड़काऊं गांव से थोड़ा आगे चलकर ओवरलोड ट्रक वहां से गुजर रही कार और दो ट्रैक्टर-ट्राली पर पलट गया। ट्रक पलटने के दौरान कार चालक उसमें दब गया। जबकि दोनों ट्रैक्टर और ट्राली पर कोई व्यक्ति सवार नहीं था। ट्रक के वजन के कारण कार धीरे-धीरे पिचकने लगी। वहां मौजूद लोगों ने शोर मचाना शुरू कर दिया। वहां माैजूद पुलिसकर्मियों और लोगों ने जेसीबी बुलाकर करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद कार को ट्रक के नीचे से निकाला। चालक को पानी पिलाया गया। उसने अपना नाम पिंटू निवासी गांव भड़काऊं बताया। पुलिस उसे सीएचसी ऊंचागांव लेकर पहुंची। जहां उसकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है। इसके बाद जेसीबी की मदद से सड़क पर फैले गन्ने को हटाया और यातायात को सुचारु किया।
पिन्टू के सामने खड़ी थी मौत
पिंटू ने गन्ने का ट्रक पलटने के बाद सोचा की वह अब नहीं बचेगा। लगातार उसकी गाड़ी नीचे की तरफ दबी जा रही थी और स्पेस कम हो रहा था। उसे लग रहा था कि अब बचना मुश्किल है। इसी दौरान उसकी सीट टूट गई, जिससे उसे वहां लेटने के लिए जगह बन गई। तब उसे लगा कि अब बच सकता है। क्योंकि गाड़ी पर लगातार ऊपर से वजन का दबाव पड़ रहा था। उसने बताया कि एक बार तो उम्मीद ही छोड़ दी थी और भगवान का नाम ले रहा था। बाहर निकलने पर उसने बताया कि यह मेरी दूसरी जिंदगी है।
गन्ने का ट्रक पलटने से घायल कार चालक की स्थिति फिलहाल ठीक है। मामले में जांच की जा रही है। ओवरलोडिंग के खिलाफ जल्द अभियान चलाया जाएगा। - भास्कर मिश्रा, सीओ, स्याना