फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bulandshahar News: हवा ने बदल दिया मौसम का मिजाज, रात में पाला व दिन में शीतलहर

विज्ञापन
विज्ञापन
बुलंदशहर। मौसम का मिजाज तेजी से बदल रहा है। पिछले कई दिन से रात में हल्का पाला पड़ने और दिन में शीतलहर चलने से मौसम में ठिठुरन कायम है। मंगलवार सुबह धूप निकलने के बाद भी ठंड से राहत नहीं मिली। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार अभी ठंड और कोहरा बढ़ने की संभावना है।
विज्ञापन

पहाड़ी क्षेत्रों में बर्फबारी व शीतलहर चलने का असर अब मैदानी इलाकों में दिखाई देने लगा है। मंगलवार सुबह के समय हल्का कोहरा रहा लेकिन हवा ने ठिठुरन को बरकरार रखा। अधिकतम तापमान 22 और न्यूनतम 6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। आर्द्रता 32 फीसदी तो हवा की गति 15 किलोमीटर प्रति घंटे के आसपास रही। कृषि विज्ञान केंद्र के मौसम वैज्ञानिक डाॅ. विवेकराज का कहना है कि बार-बार बदल रही मौसम की रंगत के बीच अभी शीतलहर से राहत नहीं मिलने वाली। वहीं, दूसरी ओर पाले का भी असर बढ़ेगा। बुधवार को अधिकतम तापमान 22 और न्यूनतम तापमान 6 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना है।
गेहूं की फसल के लिए सर्दी लाभदायक
बुगरासी। शीतलहर के चलने से सर्दी बढ़नी शुरू हो गई है। हालांकि धूप निकलने पर सर्दी से बचाव हो रहा है। लेकिन शीतलहर तापमान को गिरा रही है। बढ़ रही सर्दी को किसानों ने गेहूं की फसल के लिए लाभदायक बताया है। पिछले चार दिन से पाला पड़ रहा है। शाम होते ही पाला पड़ना शुरू हो जाता है। पाले के चलते रात में तापमान गिर रहा है और सर्दी काफी बढ़ गई है। मंगलवार को दिन में शीतलहर चलनी शुरू हुई जो पूरे दिन चलती रही। शीतलहर के चलने से सर्दी और भी बढ़ गई है। हालांकि समय से ही मौसम साफ होने और धूप निकलने के कारण सर्दी से थोड़ी राहत रही है। पप्पू सिंह लोधी, बिजेंद्र दिवाकर, राजकुमार आदि किसानों ने बताया कि गेहूं की फसल कम तापमान में होने वाली फसल है। इस वक्त गेहूं की अच्छी पैदावार के लिए कम तापमान की जरूरत है। रात में पाला और दिन में चल रही शीतलहर से मौसम गेहूं की फसल के लिए लाभदायक है। जितना कम तापमान होगा उतने ही तेजी से गेहूं की पौध बढ़ेगी। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें