दोनों समुदाय के लोगों ने फैसले का किया सम्मान
सिकंदराबाद। दोनों पक्षों के लोगों ने राम मंदिर प्रकरण पर आए सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत किया है और लोगों से फैसले का सम्मान करने, आपसी भाईचारा कायम रखने, सांप्रदायिक सौहार्द बनाए रखने का आह्वान किया है।
राम मंदिर-बाबरी मस्जिद विवाद पर सुप्रीम कोर्ट के आने वाले फैसले पर सभी की नजर थी। विभिन्न संगठन और समुदाय के लोग सुप्रीम कोर्ट में आस्था व्यक्त करते हुए फैसले का सम्मान करने की बात कह रहे थे। वही फैसले के बाद होने वाली प्रतिक्रिया को लेकर प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट था। कानून व्यवस्था को कायम रखने के लिए पुलिस-प्रशासन ने करीब 15 दिन पहले से ही तैयारियां शुरू कर दी थी। इसके लिए पुलिस-प्रशासन ने गांव-गांव में जाकर शांति समिति की बैठकों का आयोजन कर लोगों से सुप्रीम कोर्ट के फैसले का सम्मान करने और आपसी भाईचारा बनाए रखने सांप्रदायिक सौहार्द की मिसाल पेश करने के लिए प्रेरित किया था। सप्रीम कोर्ट के फैसला आने के बाद दोनों समुदाय के लोगों ने फैसले का सम्मान करते हुए धैर्य का परिचय दिया और किसी भी समुदाय की ओर से फैसले को लेकर किसी भी प्रकार की नाकारात्मक प्रतिक्रिया नहीं दी गई। दोनों ही समुदाय के लोगों ने भारतीय संस्कृति अखंडता में एकता की परंपरा का निर्वाहन किया और आपसी भाईचारे, सांप्रदायिक सौहार्द की मिसाल कायम की।
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सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत करते हैं। कोर्ट ने मस्जिद के लिए भूमि देने का आदेश सरकार को दिया है। यह अच्छा फैसला है।
शकील अहमद पूर्व जिला महामंत्री कांग्रेस
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सुप्रीम कोर्ट के फैसले का देश के संविधान में आस्था रखने वाले हर एक देशवासी को सम्मान करना चाहिए। लोगों को आपसी भाईचारे, सांप्रदायिक सौहार्द का परिचय देते हुए भारतीय संस्कृति की परंपरा को कायम रखना चाहिए।
चेयरमैन ककोड़ कुंवर रिजवान
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सुप्रीम कोर्ट फैसले का स्वागत करते हैं। आशा करते हैं कि विवाद को छोड़कर देश विकास के रास्ते पर आगे बढे़गा। सभी लोग देश हित में आपसी भाईचारा, सांप्रदायिक सौहार्द बनाए रखेंगे। -डॉ.नरेश शर्मा
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सुप्रीम कोर्ट का फैसला भारत के 130 करोड़ लोगों के हित में आया है। आशा करता हूॅ कि लोग फैसले का सम्मान करते हुए आपसी भाईचारे और सांप्रदायिक सौहार्द का परिचय देंगे। -डॉ. प्रदीप दीक्षिति
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सुप्रीम कोर्ट का फैसले में सभी लोगों को आस्था रखते हुए फैसले का सम्मान करना चाहिए। फैसले को लेकर किसी भी प्रकार की प्रतिक्रिया से बचना चाहिए जिससे किसी दूसरे की भावना आहत होती हो। सभी नगरवासियों को आपसी भाईचारे, सांप्रदायिक सौहार्द का परिचय देना चाहिए।
- भोलू गाजी चयेरपर्सन पति पालिका सिकंदराबाद