आज से घर-घर खोजे जाएंगे टीबी के मरीज
बुलंदशहर। क्षय रोगियों की खोज के लिए 12 से 25 जुलाई तक दस्तक अभियान चलाया जाएगा। संचारी रोग अभियान के तहत आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता घर-घर जाकर मरीजों का पता लगाएंगी। अभी तक जनपद में 3.752 क्षय रोगियों का उपचार चल रहा है। कोई दिक्कत न हो इसके लिए लॉकडाउन के दौरान भी उन्हें दवाएं उपलब्ध करवाई गई थीं।
जिले में एक से 31 जुलाई तक विशेष संचारी रोग अभियान चलाया जाता है। इसके बीच अब 12 से 25 जुलाई तक दस्तक अभियान चलेगा। इसके तहत घर-घर क्षय रोगी खोजे जाएंगे। अभियान के लिए आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को जिम्मेदारी दी गई है। ये घर-घर जाकर क्षय रोगियों के नाम दर्ज करने के साथ-साथ बुखार और कुपोषित बच्चों की भी स्वास्थ्य अफसरों को जानकारी देंगे। इसके बाद संभावित मरीजों की जांच कराई जाएगी।
3,752 क्षय रोगी ले रहे इलाज
जिले में वर्ष 2020 के दौरान 6,353 क्षय रोगी खोजे गए। वहीं, वर्ष 2021 में जनवरी माह से अब तक 3,752 मरीज खोजे जा चुके हैं। इनमें छोटे बच्चों से लेकर बुजुर्ग वर्ग के लोग शामिल हैं। कोरोना कर्फ्यू के दौरान क्षय रोगियों को एक-एक माह की दवा दी गई।
क्षय रोगी खोजने पर मिलेगी 500 रुपये प्रोत्साहन राशि
क्षय रोगी की पुष्टि होने पर मरीज को 500 रुपये प्रति माह पोषण के रूप में मिलेंगे। तो वहीं, क्षय रोगी खोजने पर आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को भी 500 रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। कोट
संचारी रोग अभियान के तहत 12 जुलाई से 25 जुलाई तक दस्तक अभियान चलाया जाएगा। दस्तक अभियान के तहत आशा और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को क्षय रोग के संभावित मरीजों को खोजने की जिम्मेदारी दी गई। इनके द्वारा सूची उपलब्ध कराने पर संबंधित व्यक्ति की जांच कराई जाएगी। क्षय रोगी की पुष्टि होने पर संबंधित का उपचार शुरू करवा दिया जाएगा। - डॉ. सीपीएस गौतम, जिला क्षय रोग अधिकारी