रोडवेज बस और ट्रक की भिड़ंत, बस चालक की मौत
नरौरा/बुलंदशहर। दिल्ली-बदायूं हाईवे पर गांव रतनपुर व खेड़िया के बीच सोमवार सुबह ग्रेटर नोएडा डिपो की रोडवेज बस और सीमेंट से भरे ट्रक की जबरदस्त भिड़ंत हो गई। हादसे में ट्रक चालक की मौत हो गई। दुर्घटना के दौरान वहां से गुजर रही एक बाइक व एक कार भी चपेट में आ गई। हादसे में करीब दर्जन भर यात्री घायल हुए हैं। इनमें दो की हालत नाजुक होने के कारण हायर मेडिकल सेंटर रेफर किया गया है।
नरौरा थाना क्षेत्र में हाईवे पर गांव रतनपुर व खेड़िया के बीच सोमवार सुबह करीब पौने आठ बजे बदायूं से दिल्ली की ओर जा रही ग्रेटर नोएडा डिपो की रोडवेज बस व सीमेंट से भरे ट्रक की आमने-समाने से टक्कर हो गई। इस दौरान वहां से गुजर रही एक कार व एक बाइक भी दुर्घटना की चपेट में आ गई। हादसे के बाद बस में सवार यात्रियों की चीख पुकार मच गई। उनकी आवाज सुन ग्रामीण मौके पर पहुंचे और घायलों को वाहन के शीशे तोड़कर बाहर निकाल सीएचसी डिबाई पहुंचाया। लेकिन रोडवेज बस चालक संजय कुमार पुत्र भानुप्रताप सिंह निवासी गांव जमराऊ थाना जहांगीराबाद अपनी सीट पर फंसा रह गया। करीब दो घंटे के बाद उसे निकाला गया लेकिन उसकी मौत हो चुकी थी। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम को भेजकर परिजनों को सूचना दी।
ये लोग हुए घायल
हादसे में देवेंद्र सक्सेना (50) निवासी कल्याण नगर बदायूं, अरविंद (26) निवासी मानकपुर बदायूं, अरविंद किशोर भारती (21) निवासी गांव पनवाड़ी जनपद बदायूं, रामकुमार कौशिक (50) निवासी मंगल बाजार डिबाई, परिचालक फिरोज आलम (37) निवासी राधना इनायतपुर मेरठ, यशपाल कुमार (21) निवासी परिहावली थाना रामघाट, सौरभ गुप्ता (34) निवासी सहसवान जनपद बदायूं, किशनपाल (28) निवासी कादरपुर थाना धनारी को एंबुलेंस से डिबाई सीएचसी पहुंचाया गया। इनमें से कुछ को प्राथमिक चिकित्सा के बाद छुट्टी दे दी गई। इसके अलावा तीन अन्य घायल लवेश कुमार (34), सूरजमुखी (50) व राजपाल (50) निवासी नरौरा को परमाणु बिजलीघर चिकित्सालय में उपचार के बाद छुट्टी दे दी गई है।
पहले ग्रामीण फिर पुलिस ने संभाला मोर्चा
दुर्घटना होते ही ग्राम रतनपुर व खेड़िया के ग्रामीणों ने घायलों को अस्पताल पहुंचाया। शेष घायलों को दूसरी एंबुलेंस से सीएचसी भेजा गया। इसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची। बाद में सीओ डिबाई मौके पर पहुंचे। बस में फंसे चालक को पुलिस ने क्रेन मंगाकर निकाला।
तेज आवास के साथ लगा झटका
रोडवेज बस में सवार यात्री असद मियां निवासी दिल्ली, सुमित सक्सेना सहसवान, मोहम्मद आलम, मोहम्मद सुल्तान, महावीर सिंह आदि ने बताया कि वह बस में सवार थे। अचानक तेज आवाज के साथ झटका लगने पर चीख पुकार मचने लगी। बस में लगभग 20 यात्री सवार थे।
तो बच सकती थी बस चालक की जान
नरौरा। हादसे के बाद बस चालक करीब दो घंटे तक घायल अवस्था में अपनी सीट पर फंसा रहा। चालक को सकुशल निकालने के लिए प्रशासन चाहता तो परमाणु संयंत्र से सेफ्टी अनुभाग की टीम को मौके पर बुला सकता था। घटना के तुरंत बाद यह कवायद होती तो शायद बस चालक की जान बचाई जा सकती थी।
रूट किया गया डायवर्ट
हाईवे पर वाहनों की भिड़ंत के कारण सुुबह आठ बजे से लगभग साढ़े दस बजे तक मार्ग अवरुद्ध रहा। इसके चलते नरौरा के दीनदयाल चौराहे से यातायात को वाया राजघाट व डिबाई पुलिस ने कसेर कलां से वाया राजघाट रूट कोे डावयर्ट किया।
कोट
दुर्घटना में बस चालक की मौत हो गई है। शेष घायलों का उपचार चल रहा है। डिपो प्रभारी की तहरीर पर मामले में रिपोर्ट दर्ज करने की कार्रवाई की जा रही है। - अमर सिंह, थाना प्रभारी नरौरा