महिला की हत्या के विरोध में कालाआम चौराहे पर तीन घंटे लगाया जाम
बुलंदशहर/गुलावठी। गांव कुरली में अवैध संबंधों का विरोध करने पर विवाहिता की हत्या कर दी गई। गुलावठी पुलिस आरोपियों पर कार्रवाई करने के बजाय विवाहिता के मायके वालों को धमकाने लग गई। इसके विरोध में मायके वालों ने शव को कालाआम चौराहे पर रखकर जाम लगा दिया। करीब तीन घंटे तक चौराहे पर जाम लगा रहा। इस दौरान परिजनों व पुलिस अधिकारियों के बीच जमकर नोकझोंक और धक्कामुक्की हुई। मामले में पुलिस ने तहरीर के आधार पर तीन नामजद समेत चार आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
अगौता थाना क्षेत्र के गांव भडौली निवासी यतेंद्र कुमार ने तहरीर देकर बताया कि उनकी बहन ममता (35) का विवाह करीब 13 वर्ष पूर्व गुलावठी के गांव कुरली निवासी रिंकू के साथ हुआ था। कुछ दिन पूर्व ममता मायके आई थी। तब उसने बताया कि पति रिंकू के गुलावठी निवासी एक महिला के साथ संबंध हैं। एक साल से वह इसका विरोध कर रही है। इस कारण आरोपी पति व अन्य ससुराल वाले उसके साथ मारपीट करते हैं। यतेंद्र ने बताया कि बुधवार को उसके फोन पर रिंकू के ताऊ वीरेंद्र ने फोन कर बताया कि ममता की उसके ससुराल वालों ने हत्या कर दी है। परिजन मौके पर पहुंचे तो जहां ममता का शव बेड पर पड़ा था। उसके गले, कमर, हाथ, पैर व अन्य अंगों पर चोट के काफी निशान थे। सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया था। बृहस्पतिवार दोपहर को परिजनों ने मांग की कि मृतका के दोनों बच्चों को उन्हें दिलाया जाए, जिससे कि उसका अंतिम संस्कार किया जा सके। आरोप है कि पहले तो पुलिस ने उन्हें आश्वासन दिया। बाद में परिजनों को धमकाना शुरू कर दिया। इसके बाद परिजन शव को लेकर दोपहर करीब डेढ़ बजे कालाआम चौराहे पर पहुंचे। शव को सड़क पर रखकर जाम लगा दिया। जाम की सूचना मिलते ही एसपी सिटी, सीओ सिटी, सिटी मजिस्ट्रेट समेत अन्य थानों का फोर्स भी मौके पर पहुंच गया।
अधिकारियों ने परिजनों को समझाने का प्रयास किया लेकिन परिजन बच्चों को न्याय दिलाने की मांग पर डटे रहे। मामला बिगड़ता देख पुलिस ने सख्ती दिखाने का प्रयास किया तो ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करनी शुरू कर दी। इस दौरान धक्कामुक्की भी हुई। परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने मृतका के भाई सतेंद्र पर लाठी से वार भी किया। जिससे सीने पर चोट लगने के कारण वह बेहोश हो गया, जिसे पुलिस ने नगर कोतवाल की गाड़ी से अस्पताल पहुंचाया। करीब तीन घंटे की मशक्कत के बाद शाम करीब साढ़े चार बजे अधिकारियों ने परिजनों को जल्द ही बच्चों को न्याय दिलाने व आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। जिसके बाद परिजनों ने जाम खोला और शव को अपने साथ लेकर चले गए। थाना पुलिस ने मामले में तहरीर के आधार पर आरोपी पति रिंकू, ससुर तेजवीर, सास महेंद्री देवी और ननद के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर ली है। हालांकि आरोपी अभी पुलिस की पकड़ से दूर हैं।
ट्रैक्टर, कार और बाइक खड़ी कर लगाया जाम
ग्रामीण दोपहर करीब डेढ़ बजे ट्रैक्टर-ट्रॉली, कार व बाइक लेकर कालाआम चौराहे पर पहुंचे। शव सड़क पर रखा और वाहनों को चौराहे पर चारों ओर रास्ते ब्लॉक कर लगा दिया। परिजन बच्चों को अपने साथ ले जाने की मांग पर डटे रहे, जबकि बच्चों को नियमानुसार चाइल्ड वेलफेयर कमेटी (सीडब्ल्यूसी) को सौंपा जाना है। इस कारण पुलिस बच्चों को आरोपी ससुराल पक्ष से बरामद कर मायके पक्ष को भी नहीं सौंप पा रही थी। पुलिस के समझाने पर परिजन माने, लेकिन उनका कहना था कि एक बार बच्चों को उनकी मां के अंतिम दर्शन कराने दो। इसके बाद बेशक बच्चों को सीडब्ल्यूसी की कस्टडी में दे दिया जाए।
खून का बदला खून आरोपी महिला को भी पकड़ो
हंगामा प्रदर्शन कर रहीं महिलाओं का कहना था कि जिस महिला से मृतका के पति के संबंध थे, उसे यहां लाया जाए। खून का बदला खून से लिया जाएगा। साथ ही अन्य ससुराल वालों के खिलाफ भी सख्त से सख्त कार्रवाई कर गिरफ्तारी करने और जल्द से जल्द सजा दिलाने की मांग भी की।
आधा शहर जाम, फंसी रहीं स्कूल बसें, एंबुलेंस
करीब तीन घंटे तक कालाआम चौराहे से दिल्ली रोड, अंसारी रोड, डीएम आवास रोड, स्याना अड्डा रोड पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। तीन घंटे के लिए आधा शहर जाम हो गया। जाम को देखते हुए लोग गली मोहल्लों से वैकल्पिक व्यवस्था के माध्यम से निकलने लगे। कई एंबुलेंस भी जाम में फंस गईं। हालांकि उन्हें जाम लगा रहे लोगों ने निकलने दिया।
मामले में तहरीर के आधार पर तीन नामजद समेत चार आरोपियों के खिलाफ हत्या की धारा में रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। मामले की गहनता से जांच की जा रही है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। - सुरेंद्र नाथ तिवारी, एसपी सिटी