किसानों की समस्याओं को लेकर शनिवार को कलक्ट्रेट में बेमियादी धरने पर बैठे किसानों का धरना दूसरे दिन भी जारी रहा। रात में ठंड में किसान जमे रहे।
किसानों ने एलान किया है कि सोमवार को आंदोलन में आने वाले किसान गन्ना लेकर कलकट्रेट में घुसेंगे। उधर प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े बंदोबस्त किए हैं।
किसानों ने चौपाल में हुक्का गुड़गुड़ा और कहा कि जरूरत पड़ी तो वह आरपार की लड़ाई लड़ने को भी तैयार हैं।
भारतीय किसान यूनियन (भाकियू ) के बैनर तले शनिवार को किसान कलक्ट्रेट में बेमियादी धरने पर बैठ गए थे। पहुंचे। शनिवार की रात को किसान कलक्ट्रेट में बरामदे में ही जमे रहे।
रागिनी सुनाई। हुक्का गुड़गुड़ाया। बिस्तर आदि लेकर जमे रहे। अब सोमवार से आंदोलन तेज करने की रणनीति है। सोमवार से कलक्ट्रेट में ही खाना बनाना किसान शुरू करेंगे।
किसानों का कहना है कि बीते साल के साथ ही इस साल डाले गए गन्ना का पेमेंट तुरंत हो। गन्ना समर्थन मूल्य जल्द घोषित हो। बिजली की बढ़ी दर वापस हो।
बर्बाद फसलों के लिए मुआवजा वितरण में मनमानी रोकी जाए। वेव शुगर मिल की बंदी खत्म हो। उन्होंने चेताया कि अगर किसानों की बात नहीं मानी गई तब वह पहले गन्ना लेकर और बाद में जानवर लेकर कलक्ट्रेट में आ घुसेंगे।
भाकियू के प्रदेश सचिव मांगेराम त्यागी और जिलाध्यक्ष कैप्टन विशनसिंह सिरोही ने कहा कि वेव शुगर मिल प्रबंधन को प्रशासन शह दे रहा है। किसान इसे सहन नहीं करेगा।
बाबा दयाचंद त्यागी, कुंदन लाल शर्मा, जसवंत सिंह, विपिन चौधरी, प्रेवल शर्मा, राजेश शर्मा, टाकुर केपी सिंह, प्रेमी चौहान, जगतवीर सिंह, मन्नु चौधरी, रोहताश तेवतिया, राजकुमार ने कहा कि हक लेकर ही यहां से जाएंगे। इस दौरान बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे।