पहले मारी गोली, फिर अपहरण कर उतार दिया मौत के घाट
बुलंदशहर। बीबीनगर थाना क्षेत्र के गांव बहांपुर में बीते दिनों बीडीसी सदस्य के अपहरण कांड का पुलिस ने मंगलवार को राजफाश कर दिया है। पुलिस ने मुख्य आरोपी 25 हजार के इनामी सौरभ व उसके दो साथियों को गिरफ्तार किया है। बताया गया कि आरोपियों की कार और मोहित की बाइक भिड़ंत के बाद उनमें विवाद हुआ था। जिसके बाद आरोपियों ने अपहरण के दौरान ही बीडीसी सदस्य की हत्या कर शव को ब्रजघाट गंगा नदी में फेंक दिया था।
पुलिस लाइन में मंगलवार को पत्रकार वार्ता में एसएसपी संतोष कुमार सिंह ने बताया कि स्वाट प्रभारी सुधीर त्यागी को सोमवार रात सूचना मिली कि अपहृत बीडीसी सदस्य मोहित उर्फ खजूरी प्रकरण में वांछित 25 -25 हजार के इनामी सौरभ व निरंजन उर्फ पप्पू अपने दो साथियों के साथ सफेद कार से बीबीनगर क्षेत्र से निकलने वाले हैं। सूचना पर स्वाट ने कुचेसर चौराहे पर मुखबिर के द्वारा बताई गई गाड़ी को घेर लिया। पुलिस को देख गाड़ी से एक अभियुक्त गोविंद उर्फ गुल्लू फौजी कूद कर फरार हो गए। जबकि गाड़ी से 25 हजार का इनामी सौरभ, निरंजन उर्फ पप्पू पुत्र ब्रह्मपाल निवासीगण बहांपुर थाना बीबीनगर और अजय गोटी पुत्र प्रेम निवासी आशा नगर जेल चुंगी मेरठ को गिरफ्तार कर लिया। एसएसपी ने बताया कि आरोपियों के पास से असलहा बरामद हुआ है।
29 मई को ही कर दी थी हत्या
पूछताछ में सौरभ ने बताया कि 29 मई को वह अपने दोस्तों के साथ शराब के नशे में था, तभी रास्ते में उनकी कार मोहित की बाइक से टकरा गई। जिसके बाद दोनों पक्षों में विवाद और हाथापाई हुई। साथ ही आरोपी गोविंद फौजी ने मोहित पर फायरिंग कर दी। जिसमें खून से लथपथ हुए मोहित को आरोपी गाड़ी में लेकर हापुड़ के ब्रजघाट पहुंचे और वहां से उसे गंगा नदी में डाल दिया था।
आरोपियों को भेजा जेल
पुलिस ने तीनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है। एसएसपी ने बताया कि आरोपियों को पकड़ने वाली टीम के उपनिरीक्षक अजयदीप, हैड कांस्टेबल जितेंद्र त्यागी, विकास कुमार, अक्षय त्यागी, हरेंद्र कुमार, कांस्टेबल वसीम आदि को नकद पुरस्कार देने की घोषणा की है।
लोग करते बीच बचाव तो शायद बच जाता मोहित
29 मई की शाम मोहित और सौरभ के बीच जब विवाद हुआ था, उसके बाद आरोपी मोहित को अपने कलेशर पर ले गए थे। जहां उन्होंने उसके साथ मारपीट की और काफी लोग यह तमाशा देखते रहे। अगर उस दौरान तमाशबीन मोहित को बचाने के लिए कवायद करते तो शायद आज मोहित जिंदा होता। हालांकि, पुलिस ने कलेसर पर लगे सीसीटीवी कैमरे की डीबीआर को अपने कब्जे में ले लिया है।
अभी तक नहीं मिला शव
एसएसपी संतोष कुमार सिंह ने बताया कि आरोपियों के द्वारा मोहित की हत्या कर शव को ब्रजघाट गंगा नदी में फेंके जाने की सूचना मिलते ही ब्रजघाट से लेकर अनूपशहर, नरोरा, बुगरासी में गंगा में शव की तलाश की गई। लेकिन, अभी तक शव बरामद नहीं हो सका है। हालांकि, इस दौरान कुछ लोगों ने मोहित की डील डौल और शक्ल से मिलते जुलते एक शव के बहते हुए जाने की जानकारी जरूर पुलिस को दी है।