उत्तर प्रदेश में सपा को सत्ता से बेदखल करने, बसपा-भाजपा को रोकने के लिए रालोद मुखिया अजित सिंह और जेडीयू नेता बिहार के सीएम नीतीश कुमार ने ‘प्लान विलय’ तैयार किया है। इसका शंखनाद 11 अप्रैल को हो जाएगा।
मोदी, मुलायम और मायावती के खिलाफ ‘जन विकास पार्टी’ बनाकर जेडीयू और आरएलडी अपने अन्य राजनीतिक साथियों संग चुनावी दंगल में ताल ठोकेंगे। वेस्ट यूपी ही इसके लिए चुनावी जंग का पहला मैदान होगा। मई के आखिरी सप्ताह में बुलंदशहर या मेरठ में बड़ी सभा कर ताकत का एहसास नई पार्टी कराएगी।
किसान और गरीबों को उनका हक दिलाने के नाम पर सपा, बसपा और भाजपा को उनका विरोधी साबित करने के लिए यह सारा प्लान अजित सिंह और नीतीश कुमार ने बनाया है। रालोद के सूत्रों के मुताबिक 11 अप्रैल को दिल्ली में नीतीश कुमार, अजित सिंह और पूर्व सीएम बाबूराम मरांडी के दलों का विलय कर नई पार्टी जेवीपी के गठन का एलान करेंगे।
प्लान के मुताबिक हरियाणा के पूर्व सीएम ओमप्रकाश चौटाला, पूर्व पीएम एचडी देवगौड़ा, गुजरात के हार्दिक पटेल और आंध्र प्रदेश के जगन रेड्डी का साथ लिया जाएगा। जन विकास पार्टी की पहली सभा 23 अप्रैल को मथुरा में होगी।
मई के पहले सप्ताह में पीएम नरेंद्र मोदी के संसदीय क्षेत्र वाराणसी में सभा होगी। उसके बाद मई के अंतिम सप्ताह में बुलंदशहर या मेरठ में रैली होगी। इसमें गठबंधन के सभी नेता हिस्सा लेंगे। दरअसल अजित सिंह नई राजनीतिक पहल शुरू करने से पहले बुलंदशहर को याद करना नहीं भूलते। रालोद नेताओं का दावा है कि लगभग सभी छोटे दलों में एक होने पर सहमति हो गई है।
प्लान विलय की पटकथा
यूपी में 2017 की सत्ता हासिल करने के लिए नई पार्टी ने जो ब्लूप्रिंट तैयार किया है उसके मुताबिक छोटे चौधरी के बेटे पूर्व सांसद जयंत चौधरी को नई पार्टी बतौर सीएम पेश किया जाएगा। ‘किसानों, गरीबों, मजलूमों साथ चलो’ का नारा बुलंद होगा।
वेस्ट यूपी में अजित सिंह, पूर्वी यूपी में बिहार के सीएम नीतिश कुमार के दम पर जनाधार हासिल करने की योजना है। भाजपा को झूठे वादे करने वाला, सपा के दौर में हर वर्ग का उत्पीड़न, बसपा शासन लूटखसोट वाला बताने की कोशिश रहेगी।
जयंत बोले-गठबंधन की औपचारिकता बाकी’
रालोद के राष्ट्रीय महासचिव जयंत चौधरी ने मोदीनगर में कहा कि यूपी में विधानसभा चुनाव के मद्देनजर रालोद गठबंधन शीघ्र सार्वजनिक होगा। केवल औपचारिकता ही बाकी है।
उन्होंने कहा कि जदयू नेता नीतीश कुमार और अजित सिंह के बीच चल रही बातचीत अंतिम दौर में है। जयंत सोमवार दोपहर मुजफ्फरनगर जाते समय कुछ समय के लिए मोदीनगर में रुके थे।
यूपी में किसानों और गरीबों की सरकार लाने के लिए रालोद, जेडीयू और बाबूराम मरांडी के दलों में विलय करने की सहमति बन गई है। 11 अप्रैल को इन तीनों दलों को मिलाकर जन विकास पार्टी के नाम से नए दल का एलान हो जाएगा। उसके बाद अन्य छोटे दलों को साथ लिया जाएगा। कई दलों से बात फाइनल हो चुकी है। -डॉक्टर राजकुमार सांगवान
प्रदेश महामंत्री संगठन (रालोद)