फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ग्लेशियर फटने के बाद जनपद के तटवर्ती गांवों में अलर्ट, खाली कराए गए घाट

विज्ञापन
राजघाट में मुनादी करतीं एसडीएम मोनिका सिंह व तहसीलदार राजकुमार भास्कर। - फोटो : BULANDSHAHR
विज्ञापन
ग्लेशियर फटने के बाद जनपद के तटवर्ती गांवों में अलर्ट, खाली कराए गए घाट
विज्ञापन

बुलंदशहर। उत्तराखंड के चमोली में ग्लेशियर फटने के बाद बाढ़ की आशंका को देखते हुए जनपद के गंगा के तटवर्ती गांवों में अलर्ट जारी कर दिया गया है। जिला प्रशासन ने लोगों को गंगा किनारे से दूर रहने के निर्देश दिए हैं। गंगा किनारे खेतों में काम न करने, घाटों से सामान हटाने और धार्मिक स्थलों पर भी न जाने की सलाह दी है। प्रशासनिक अधिकारियों के निर्देश के बाद अनूपशहर व नरौरा के गंगा घाटों पर नाविकों व अन्य लोगों ने अपना सामान समेटना शुरू कर दिया।
उत्तराखंड में ग्लेशियर फटने के बाद गंगा के जलस्तर में बढ़ोतरी को देखते हुए जिला प्रशासन के अधिकारी रविवार की सुबह तटवर्ती इलाकों में पहुंच गए तथा अलर्ट जारी करते हुए सतर्कता बरतने के निर्देश दिए। संभावना यह भी है कि रात्रि को ही गंगा का जलस्तर बढ़ जाएगा और बाढ़ जैसे हालात बन जाएंगे। शासन से अलर्ट जारी होने के बाद डीएम रविंद्र कुमार ने प्रशासनिक अफसरों की बैठक लेकर भी बाढ़ से बचाव आदि पुख्ता इंतजाम किए जाने के निर्देश जारी किए गए हैं। वहीं, दूसरी ओर गंगा क्षेत्र से संबंधित अफसर गांवों में पहुंच मुनादी कराकर लोगों को जागरूक कर रहे हैं। नगर पालिका परिषद ने पब्लिक एड्रेस सिस्टम से घाट संचालकों व नाविकों को गंगातट से हटने का अल्टीमेटम दे दिया है। पुलिस फोर्स ने भी गंगातट पर जाकर लोगों से अपना सामान हटाकर गंगातट से सुरक्षित जगहों पर जाने को कहा। जिला प्रशासन का दावा है कि वह पूरी तरह तैयार हैं।
विज्ञापन

अनूपशहर में आपदा कंट्रोल रूम किया गया स्थापित
अनूपशहर। गंगा में बाढ़ की आशंका के मद्देनजर अनूपशहर तहसील मुख्यालय पर आपदा कंट्रोल रूम स्थापित कर कंट्रोल रूम का आमजन के लिए मोबाइल नंबर 7535829932 और 9454416741 जारी कर दिए हैं। तहसीलदार धर्मेंद्र सिंह ने बताया कि आपदा कंट्रोल रूम दिन रात काम करेगा। गंगा किनारे बसे गांव व कस्बों में आबादी को बाढ़ से सतर्क रहने के लिए अलर्ट जारी किया गया है।
तटवर्ती गांवों में लेखपाल को भी सौंपी गई जिम्मेदारी
अहार, मुबारकपुर, हसनपुर, सिरौरा, तोरई, बच्चीखेड़ा, अनूपशहर, शेरपुर, व रूढ़बांगर गांव में लेखपालों को मौके पर रहकर किसानों व ग्रामीणों को गंगा किनारे पर न जाने तथा पशुओं को न ले जाने के लिए मुनादी कराकर सतर्क करने के निर्देश दिए हैं। तहसील प्रशासन बाढ़ की आशंका के मद्देनजर सभी एहतियाती कदम उठा रहा है।
अनूपशहर क्षेत्र में बिजनौर बैराज से पानी आएगा। सोमवार रात तक अनूपशहर पानी पहुंचने की संभावना है। इससे पूर्व गंगा किनारे से सभी लोग खुद व अपना सामान हटाकर सुरक्षित जगहों पर पहुंच जाएं। विभाग व प्रशासन हालातों पर पल पल की नजर बनाए हुए है।
- नवरत्न सिंह, सहायक अभियंता ड्रेनेज खंड मेरठ
नरौरा गंगा बैराज पर व्यवस्थाएं दुरुस्त करने का निर्देश
नरौरा। तहसील प्रशासन जहां लोगों को सूचनाएं देकर सतर्क रहने की हिदायत दे रहा है। वहीं सिंचाई विभाग के अभियंताओं ने नरौरा गंगा बैराज पर व्यवस्थाएं दुरुस्त कर अलर्ट जारी कर दिया है। एसडीएम मोनिका सिंह एवं तहसीलदार राजकुमार भास्कर ने बताया कि पीछे से मिल रही सूचना के अनुसार गंगा नदी के जलस्तर में तेज वृद्धि के साथ तेज बहाव की गति बनी हुई है। इसके चलते गंगा किनारे के ग्रामों में लेखपाल, ग्राम पंचायत सचिव व तहसील कर्मी एवं स्थानीय पुलिस के माध्यम से लोगों को सतर्क रहने के निर्देश दिए जा रहे हैं। सिंचाई विभाग के एसडीओ जुल्फिकार खान ने बताया कि नरौरा गंगा बैराज पर अलर्ट जारी कर दिया गया है। बैराज के सभी 62 फाटकों के संचालन की जांच कर ली गई है। बैराज के जेनरेटर आदि को चेक कर प्रकाश आदि की व्यवस्था दुरुस्त करते हुए अतिरिक्त कर्मचारी तैनात किए गए हैं। विभाग के वरिष्ठ अभियंता बढ़ते जलस्तर पर निरंतर नजर रखे हुए हैं। रविवार को नरौरा बैराज पर जलस्तर सामान्य बना हुआ है। विभागीय अभियंता सोमवार को बढ़ा जलस्तर नरौरा बैराज पर पहुंचने की आशंका जता रहे हैं।
गंगा स्नान नहीं करने की दी गई हिदायत
नरौरा। ग्रामीणों से गंगा स्नान नहीं करने, गंगा की तलहटी में न जाने एवं गंगा किनारे पशुओं आदि को नहीं ले जाने की हिदायत दी गई है। नगर पंचायत चेयरमैन विवेक वशिष्ठ ने बताया कि नगर के वाहनों से लाउडस्पीकर के माध्यम से एवं पब्लिक एड्रेस सिस्टम से नगर क्षेत्र एवं निबाड़ी खादर आदि में एनाउंस कर लोगों को गंगा नदी की तलहटी से दूर रहने एवं सतर्कता बरतने की हिदायत दी जा रही है।
गंगा के किनारे के गांवों में कराई जा रही मुनादी
बुगरासी/ऊंचागांव। गंगा में बाढ़ आने की संभावना के चलते कस्बा क्षेत्र के गंगा किनारे गांवों में भी सतर्कता बरतने का निर्देश दिया गया है। इसके मद्देनजर गांवों में मनादी कराई गई। क्षेत्र के गांव भगवानपुर, बसीबांगर व फरीदाबांगर से होकर गंगा निकलती है। इन गांवों में सतर्कता बरतने के लिए पुलिस-प्रशासन ने निर्देश जारी कर दिए हैं। लोगों को जागरूक किया गया है। हालांकि गंगा किनारे बस्ती नहीं है लेकिन बाढ़ की आशंका के चलते गंगा में स्नान नहीं करने के लिए लोगों से अपील की गई है। गांवों में मुनादी आदि भी कराई गई है।
विज्ञापन

फरीदाबांगर के ग्राम प्रधान हितेंद्र कुमार व रूखी प्रधान पति बीनू चौहान ने बताया कि गांव में ग्रामीणों को सतर्कता बरतने की अपील की गई है। एसओ नरसैना सचिन बालियान ने बताया कि गंगा किनारे बसे गांवों में सतर्कता बरतने के लिए ग्रामीणों को जागरूक किया गया है। लोगाें से सहयोग की अपील की गई है। वहीं, दूसरी ओर बाढ़ की आशंका की सूचना मिलने के बाद गंगा किनारे वाले गांवाें में अफरातफरी मच गई है। ग्रामीण गंगा नदी में पायलेज को पैदा करने वाले संसाधनों को लेकर अपने अपने घर लौट रहे।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें