बुलंदशहर। जिले के परिषदीय स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने और निपुण भारत मिशन के लक्ष्यों को पूरा करने के लिए अब हर शनिवार को पढ़ाई की समीक्षा की जाएगी। इसके लिए बेसिक शिक्षा विभाग ने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों (बीईओ) और प्रधानाध्यापकों को निर्देश जारी किए हैं।
स्कूलों में शनिवार को अंतिम सत्र में अनिवार्य रूप से समीक्षा बैठक आयोजित होगी। इसमें सप्ताहभर की पढ़ाई और गतिविधियों की प्रगति पर चर्चा के साथ कमजोर बच्चों के लिए विशेष कार्ययोजना तैयार की जाएगी।
बेसिक शिक्षा अधिकारी वीरेंद्र कुमार सिंह ने बताया कि समीक्षा बैठक में शिक्षक पूरे सप्ताह पढ़ाए गए पाठ्यक्रम की जानकारी साझा करेंगे। कक्षा एक से आठ तक के विद्यार्थियों की भाषाई और गणितीय दक्षता पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। वर्कबुक, अभ्यास कार्य और खेल-खेल में कराई गई पढ़ाई के परिणामों का भी मूल्यांकन होगा। जिन बच्चों की सीखने की गति धीमी है, उन्हें चिह्नित कर अगले सप्ताह उपचारात्मक शिक्षण (रेमेडियल टीचिंग) की योजना बनाई जाएगी।
ससे बच्चों की सीखने की क्षमता में सुधार करने और निपुण लक्ष्यों को समय से पूरा करने में मदद मिलेगी। वहीं, दूसरी ओर समीक्षा बैठक में विद्यार्थियों की उपस्थिति की भी जांच होगी। लगातार गैरहाजिर रहने वाले बच्चों के अभिभावकों से शिक्षक सीधे संपर्क करेंगे, ताकि उनकी अनुपस्थिति के कारणों का पता लगाकर उन्हें नियमित स्कूल भेजने के लिए प्रेरित किया जा सके।
इसके साथ ही बाल सभा और खेलकूद जैसी गतिविधियों के माध्यम से बच्चों की स्कूल में रुचि बढ़ाने पर जोर दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि साप्ताहिक समीक्षा से शिक्षण कार्य की नियमित निगरानी हो सकेगी और पढ़ाई में पीछे रह रहे बच्चों को समय रहते मदद मिलेगी। सभी स्कूलों को निर्देशों का शत-प्रतिशत पालन सुनिश्चित करने को कहा गया है। लापरवाही मिलने पर संबंधित की जवाबदेही तय की जाएगी।