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Bulandshahar News: हिंडन नदी पर नूरनगर सिंहानी की तरफ बांध टूटा, कॉलोनी में घुसने लगा पानी

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नूर नगर श्मशानघाट के पास डैम टूटने से तेज बहाव में गांव की तरफ बहता पानी। सुधी पाठक - फोटो : Samvad
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साहिबाबाद। हिंडन नदी पर जलकुंभी की सफाई के दौरान शनिवार शाम को नूर नगर सिंहानी की तरफ बांध की मिट्टी ढह गई। इससे नदी का पानी आवासीय इलाके की ओर तेजी से बढ़ने लगा है। सिंचाई विभाग के अधिकारियों ने टूटे बांध को दोबारा ठीक करने का प्रयास किया और मिट्टी डलवाई, इसके बावजूद पानी का बहाव करहेड़ा की ओर धीरे-धीरे बढ़ रहा है।
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हिंडन नदी में एक सप्ताह से पानी का स्तर लगातार बढ़ रहा है। तीन दिन पहले ही सिटी फॉरेस्ट में पानी भरने लगा था। शनिवार सुबह से ही सिटी फॉरेस्ट में पानी का स्तर बढ़ने लगा और करहेड़ा के शिवम एंक्लेव की ओर पानी प्रवेश करने लगा। पूर्व पार्षद विजेंद्र चौहान ने बताया कि जलकुंभी निकालने के दौरान ही नूरनगर सिहानी की ओर बना हुआ कच्चा बांध ढह गया। इससे पानी आवासीय इलाके की ओर बढ़ने लगा। अधिकारियों ने तत्काल वहां मिट्टी लगवाकर पानी रोकने का प्रयास किया। लेकिन पानी करहेड़ा स्थित श्मशान घाट की ओर पहुंचने लगा है। देर शाम तक शिवम एंक्लेव और नूर नगर श्मशान घाट की तरफ पानी के बढ़ने का सिलसिला जारी रहा। उधर, सिंचाई विभाग के अधिशासी अभियंता राजकुमार वर्मा ने बांध टूटने की बात से इन्कार किया और अधिक फ्लो होने पर डूब क्षेत्र में पानी जाने की बात कही। उन्होंने बताया कि शनिवार शाम चार बजे हिंडन नदी का जल स्तर 200.60 मीटर रहा जो कि खतरे के निशान से करीब 4.50 मीटर कम है। नदी में खतरे का निशान 205.08 मीटर है। टीम लगातार जलकुंभी निकालने का काम कर रही है ताकि पानी का बहाव नदी में लगातार बना रहे।
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दोपहर में पहुंचे थे केबिनेट मंत्री
स्थानीय लोगों की शिकायत पर दोपहर करीब दो बजे केबिनेट मंत्री सुनील शर्मा भी मौके पर पहुंचे। निरीक्षण के दौरान मंत्री ने जिलाधिकारी और जीडीए वीसी को इस मामले को गंभीरता से लेकर तत्काल राहत कार्य के निर्देश दिए। उन्होंने समय रहते नदी की सफाई न करने पर सिंचाई विभाग के अधिकारियों को फटकार भी लगाई। उन्होंने कहा कि जल्द से जल्द राहत कार्य शुरू किए जाएं।
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पर्यटकों के लिए बंद किया गया सिटी फॉरेस्ट
चार दिन से लगातार सिटी फॉरेस्ट में हिंडन नदी का पानी पहुंच रहा था और शनिवार को पानी आवासीय आबादी की गलियों तक पहुंच गया। इसे देखते हुए पर्यटकों के लिए सिटी फॉरेस्ट बंद कर दिया गया। चार दिन से सिटी फॉरेस्ट में हिंडन का पानी पहुंचने लगा था। जल भराव की वजह से बृहस्पतिवार को यहां की कैंटीन बंद कर दी गई थी, शुक्रवार को पुलिस बूथ तक भी पानी पहुंच गया था। शनिवार सुबह ही पानी भरने की वजह से जीडीए ने पर्यटकों के लिए सिटी फॉरेस्ट को फिलहाल बंद कर दिया है।

डूब क्षेत्र में रहने वालों की बढ़ेंगी मुश्किलें
हिंडन नदी में अभी जल स्तर खतरे से करीब साढ़े चार मीटर नीचे है, फिर भी तेज बहाव की वजह से सिटी फॉरेस्ट व डूब क्षेत्र के निवासियों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। सिंचाई विभाग के अधिकारियों का कहना है कि वह लोग लगातार जल कुंभी निकालने में जुटे हुए हैं। पानी तेजी से आने की वजह से सिटी फॉरेस्ट की तरफ जा रहा है, यहां डूब क्षेत्र में रहने वालों के लिए दिक्कतें हो सकती हैं। बार-बार लोगों को चेताया जाता है लेकिन लोग प्रतिबंधित डूब क्षेत्र में मकान बना रहे हैं।
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नूर नगर श्मशानघाट के पास डैम टूटने से तेज बहाव में गांव की तरफ बहता पानी। सुधी पाठक- फोटो : Samvad

नूर नगर श्मशानघाट के पास डैम टूटने से तेज बहाव में गांव की तरफ बहता पानी। सुधी पाठक- फोटो : Samvad

नूर नगर श्मशानघाट के पास डैम टूटने से तेज बहाव में गांव की तरफ बहता पानी। सुधी पाठक- फोटो : Samvad

नूर नगर श्मशानघाट के पास डैम टूटने से तेज बहाव में गांव की तरफ बहता पानी। सुधी पाठक- फोटो : Samvad

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