बुलंदशहर शासन ने गांव के विकास के लिए खजाना खोल दिया है। जिले के गांवों की सूरत बदलने के लिए 35 करोड़ की राशि प्रदान की गई है। इस राशि में से ग्राम पंचायतों को दो किस्त जारी कर दी हैं, जबकि तीसरी किस्त जारी करने की तैयारी चल रही है।
जिले में 951 ग्राम पंचायत और 1176 राजस्व गांव हैं। हालांकि इन गांवों में काफी विकास कार्य हो चुके हैं। लेकिन अभी भी ग्रामीण कई तरह की समस्याओं का सामना कर रहे हैं। शासन गांव में और विकास कार्य करवाकर सूरत बदलने की दिशा में लगातार बढ़ रहा है। अब शासन ने राज्य वित्त आयोग के तहत जिले में गांवों के विकास के लिए 35 करोड़ की राशि प्रदान की है।
जिला पंचायत राज अधिकारी कार्यालय के अफसरों का कहना है कि यह राशि गांव के विकास कार्यों पर खर्च होगी। मौजूदा सरकार में यह पहली बार हुआ है कि जब इतनी बड़ी राशि एक साथ मिली है। मिली राशि में से ग्राम पंचायतों को दो किश्त जारी की जा चुकी हैं। जबकि तीसरे किश्त नवंबर में जारी करने की तैयारी चल रही है। सरकार नियमानुसार यह राशि चार किश्तों में ग्राम पंचायतों को दी जानी है।
यह काम करवा सकती हैं ग्राम पंचायत
राज्य वित्त आयोग से प्राप्त हुई 35 करोड़ की राशि से ग्राम पंचायत कच्ची गलियों को पक्का, उखड़ चुकी गलियों का दोबारा निर्माण, पानी निकासी के लिए नाली निर्माण, स्वच्छ पानी की व्यवस्था के लिए हैंडपंप और टंकी की मरम्मत, परिषदीय स्कूलों में होने वाले काम आदि विकास कार्यों पर खर्च कर सकेंगी। इसके लिए ग्राम पंचायत को गांव में खुली बैठक कर प्रस्ताव बनाना होगा। प्रस्ताव मिलने के बाद ही संबंधित अफसर उस पर मुहर लगाएंगे और जरूरत के अनुसार राशि खर्च करने की ग्राम पंचायत को अनुमति दी जाएगी।
जिले के विकास कार्यों के लिए राज्य वित्त आयोग से 35 करोड़ की राशि प्राप्त हुई है। दो किस्त जारी हो गई और तीसर किस्त जारी करने की तैयारी है। गांव में होने विकास कार्य का ग्राम पंचायत से प्रस्ताव मिलने के बाद ही उस पर खर्च होने वाली राशि की अनुमति दी जाएगी। - अमरजीत सिंह, जिला पंचायती राज अधिकारी, बुलंदशहर