दो साल से दबी पड़ी है 97 लाख के गबन की फाइल
बुलंदशहर। पावर कॉरपोरेशन में करीब दो वर्ष पूर्व हुए घोटाले की फाइल अभी भी दबी पड़ी है। लगातार दो सालों से आरोपी बाबू सस्पेंड चल रहा है, लेकिन न तो बिजली अफसर और न ही पुलिस आरोपी के खिलाफ कोई कार्रवाई कर रही है। जिसके चलते आरोपी खुला घूम रहा है।
वर्ष 2016 में पावर कॉरपोरेशन के सिकंदराबाद खंड के ककोड़ उपखंड में बाबू ने 524 उपभोक्ताओं के कनेक्शनों को फर्जी तरीके से स्थाई विच्छेदित कर दिया था। जिसके बाद पूरे मामले का खुलासा हुआ तो अफसरों में हड़कंप मच गया था। शुरुआत में 75 लाख रुपये का गबन किए जाने की आशंका जताई गई थी, लेकिन जांच के दौरान गबन की धनराशि बढ़कर 97 लाख पर पहुंच गई थी। गबन का खुलासा होने के बाद अफसरों ने आरोपी बाबू को सस्पेंड तो कर दिया था, लेकिन रिपोर्ट दर्ज कराने में करीब नौ माह का समय लगा दिया। सितंबर 2017 में आरोपी बाबू पंकज कुमार के खिलाफ तत्कालीन एसडीओ ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी। हालांकि रिपोर्ट दर्ज होने के बाद भी एक वर्ष से अधिक का समय बीत चुका है, लेकिन अभी तक आरोपी के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जा सकी है। बिजली अफसरों ने भी मामले की फाइल को लगभग बंद कर दिया है। पावर कॉरपोरेशन चीफ इंजीनियर आरपीएस तोमर ने बताया कि प्रकरण मेरे कार्यकाल से पूर्व का है, उस वक्त तक बुलंदशहर जोन नहीं बनाया गया था। कार्रवाई के लिए फाइलें उच्चाधिकारियों को भेजी जा चुकी हैं।