ब्लैक लिस्ट ठेकेदार को फिर करोड़ों के टेंडर देने की तैयारी
- स्याना क्षेत्र में बिजलीघर निर्माण में हुए घोटाले में जेल गया था आरोपी ठेकेदार
- अपने रिश्तेदार के नाम पर फर्म बनाकर कर रहा है ठेकेदारी
- सब कुछ जानकर भी अनजान होने का दिखावा कर रहे बिजली अफसर
अमर उजाला ब्यूरो
बुलंदशहर। पावर कॉरपोरेशन में एक और अफसर-कर्मचारी निजीकरण का विरोध कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर ब्लैक लिस्ट ठेकेदारों को टेंडर देकर भविष्य में घपले की आशंका को प्रबल कर रहे हैं। बिजलीघर निर्माण में ब्लैक लिस्ट हुए ठेकेदार को फिर से करोड़ों रुपये के टेंडर देने की तैयारी की जा रही है।
पावर कॉरपोरेशन में करीब छह वर्ष पूर्व स्याना खंड में एक बिजलीघर निर्माण में लाखों रुपये का घपला किया गया था। अफसरों के साथ मिलकर ठेकेदार द्वारा किए गए घपले में जांच के दौरान ठेकेदार और अफसरों को दोषी पाए जाने पर जेल भेजा गया था। साथ ही ठेकेदार को ब्लैक लिस्ट करने की भी कार्रवाई की थी। जेल से बाहर आने के बाद ठेकेदार ने अपने रिश्तेदार के नाम पर फर्म बनाकर अवैध रूप से ठेके लेने शुरू कर दिए। अब एक बार फिर से अफसर ठेकेदार को करोड़ों रुपये टेंडर देने की तैयारी कर रहे हैं। सूत्रों के अनुसार आरोपी ठेकेदार की हकीकत को अफसर भी जानते हैं, लेकिन ठेकेदार को जानबूझकर टेंडर दिए जा रहे हैं। सूत्रों ने दावा किया है कि आरोपी ठेकेदार को पावर कॉरपोरेशन के कई खंडों में संविदा कर्मचारियों का टेंडर दिया जा रहा है। हालांकि अभी सिर्फ टेंडर खोले गए हैं। जबकि अनुबंध होने के पश्चात ठेकेदार कार्य करने के लिए अधिकृत हो जाएगा। पावर कॉरपोरेशन चीफ इंजीनियर एमसी शर्मा ने बताया कि मामला मेरी जानकारी में नहीं है। यदि ठेकेदार ब्लैक लिस्ट है तो उसे दिए जाने वाले टेंडर निरस्त कर दिए जाएंगे।