जिले में अफसरों ने आंख मूंद कर वृद्धावस्था पेंशन जारी की। जिले मे ऐसे करीब 1407 पेंशनर्स की वृद्धावस्था पेंशन रोक दी गई है जो अपात्र या मर चुके हैं।
1407 में अपात्र पेंशपर्स की तादाद भी खासा है जिनको मानक के उलट पेंशन जारी की गई। हालांकि सच सामने आने पर शासन ने पेंशन पर ब्रेक लगा दिया है। वहीं, डीएम भी इस मामले की जांच कराने के मूड में हैं।
वित्त वर्ष 2014-15 में जिले के करीब 32 हजार 857 बुजुर्गों को वृद्धावस्था पेंशन दी गई। डोर टू डोर सत्यापन में करीब 1407 पेंशनर्स अपात्र और मृतक पाए गए हैं।
पात्र बुजुर्ग जिनकी मृत्यु हो गई थी, उनको भी पेंशन जारी की गई।