बुलंदशहर। कोतवाली देहात के गांव सराय छबीला निवासी एक किसान से कृषि भूमि पर सोलर प्लांट लगवाने के नाम पर दस लाख रुपये ठग लिए गए। आरोपियों ने पीड़ित को मंत्रालय का स्वीकृति पत्र भी दिखाकर 60 हजार रुपये महीना देने का लालच दिया था। बाद में पीड़ित ने जांच की तो पता चला कि मंत्रालय का स्वीकृत पत्र फर्जी है। पीड़ित की शिकायत पर देहात कोतवाली पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
कोतवाली देहात के गांव सराय छबीला निवासी जयकरण ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि उसकी गांव में कृषि भूमि है। अमित निवासी गांव अमरपुर, थाना किठोर, मेरठ ने उसकी भूमि पर सोलर प्लांट लगवाने की योजना व लाभ के बारे में बताया। साथ ही उसने सुशील सिंह निवासी लाल पार्क कॉलोनी, मवाना रोड मेरठ व सुशील के पार्टनर कपिल से मिलवाया।
सुशील कुमार व उसके पार्टनर कपिल ने बताया कि उनकी कंपनी सोलर प्लांट लगवाने का कार्य करती है। आरोपियों ने उसकी कृषि भूमि देखकर इसे सोलर प्लांट लगवाने के लिए पर्याप्त बताया। साथ ही सोलर प्लांट लगवाने पर उसे 60,000 रुपये प्रतिमाह जमीन का किराया देने की बात कही।
आरोपियों ने कहा कि प्लांट लगवाने के लिए पहले 10 लाख रुपये खर्च करने होंगे, प्लांट चालू होने के बाद वापस कर दिए जाएंगे। उनकी बातों में आकर आरोपियों को विभिन्न तिथियों व अलग-अलग माध्यमों से दस लाख रुपये दे दिए। रुपये लेने के बाद अनुबंध पत्र भी तैयार कर उन्हें दिया गया।
आरोपियों ने उसके पुत्र के मोबाइल पर नवीन और नवीनीकरण ऊर्जा मंत्रालाय, दिल्ली का एक पत्र भी भेज दिया और जल्द ही प्लांट लगवाने का आश्वासन दिया। कुछ समय बाद आरोपियों ने उसका फोन उठाना बंद कर दिया।
मंत्रालय के भेजे गए पत्र की जांच की गई तो पता चला कि वह भी फर्जी था। आरोपियों से धनराशि वापस मांगी तो उन्होंने उसे वापस करने से मना कर दिया। साथ ही कानूनी कार्रवाई करने पर धमकी दी। पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।