जिले में अवैध शराब के खिलाफ तीसरे दिन भी अभियान जारी रहा। अभियान के बावजूद कच्ची शराब का धंधा करने वाले काबू में नहीं आ रहे हैं। गुरुवार को जिले में करीब दो दर्जन जगहों पर छापामारी की गई। इस दौरान 80 लीटर कच्ची शराब बरामद हुई। 500 लीटर लहन नष्ट किया गया और दस लोगों को शराब बनाते-बेचते गिरफ्तार किया गया। पुलिस और आबकारी विभाग के संयुक्त अभियान का ज्यादा असर होता नहीं दिख रहा।
जिले में अवैध शराब का धंधा किसी से छिपा हुआ नहीं है। लखनऊ के मलिहाबाद इलाके में जब अवैध शराब के सेवन से दो दर्जन से ज्यादा लोगों की मौत हुई तो पुलिस और आबकारी विभाग चेता। मंगलवार से जिले में अवैध शराब के खिलाफ रोज दो दर्जन स्थानों पर पुलिस और आबकारी विभाग की संयुक्त टीमें छापेमारी कर रही है। गुरुवार को भी दातागंज, मूसाझाग, हजरतपुर, उसहैत, उसावां, कादरचौक थाना क्षेत्रों में आबकारी विभाग ने छापेमारी की। छापेमारी में आबकारी निरीक्षक बीपी सिंह, सुनील त्यागी शामिल रहे। जिला आबकारी अधिकारी मुन्नलाल द्विवेदी ने बताया कि छापेमारी शुक्रवार को भी जारी रहेगी।
हरियाणा, पंजाब की शराब तो पकड़ी ही नहीं जा रही
बदायूं। जिले में अवैध शराब के खिलाफ लगातार तीसरे दिन भी छापामारी हुई। इस दौरान हजारों लीटर लहन नष्ट किया गया और सैकड़ों लीटर कच्ची शराब बरामद की गई। हालांकि जिले में कहीं भी दूसरे राज्यों की शराब बरामद नहीं हुई। जबकि जिले में हरियाणा और पंजाब की शराब की बिक्री जगजाहिर है। अवैध शराब की बिक्री से ही आबकारी विभाग के राजस्व में कमी आ रही है। हालांकि आबकारी विभाग के अधिकारियों का कहना है कि जहां भी अवैध शराब की बिक्री की सूचना मिल रही है वहां छापेमारी की जा रही है।