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Budaun News: फैसला आने पर बोली पत्नी... जो जैसा करता है वैसा ही पाता है फल

Fri, 24 May 2024 05:31 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बदायूं
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बदायूं। अनीता पति के जुल्म से आजिज आ चुकी थी। जब फैसला आया तो वह नेकपुर स्थित अपने घर पर मिलीं। बोली - जो जैसा कर्म करता है, वैसा ही फल पाता है।
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पीड़ित अनीता ने कहा कि पति के जुल्म से परेशान थी। कई बार जान से मारने की कोशिश की गई लेकिन वह हमेशा उसको समझाने की कोशिश करती रही। जब हंसिया से उस पर जान से मारने की नीयत से वार किया गया तो उसके मायके पक्ष के लोगों ने रिश्ता खत्म कर दिया और सजा दिलाने की ठान ली। चार साल बाद उसे न्याय मिल सका।
अनीता ने कहा कि जिस बेटे की चाहत में पति अपराधी बना, उस बेटे का जन्म हो जाता अगर वो थोड़ा सा धैर्य रखता और मेरे पेट पर हंसिया न चलाता। एक औरत बच्चे को नौ माह पेट में रखती है। उस बच्चे को अपने सामने मरता हुआ देखती है, तो उसे कैसा लगता है आप खुद समझ सकते हैं। जो बच्चा दुनिया में आया ही नहीं, जिसने दुनिया में कुछ देखा ही नहीं। उस बच्चे की मौत का दुख आज भी है लेकिन पति के जेल जाने की खुशी भी है।
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बेटी की गवाही पर हुई सजा
बेटी निर्जला ने कोर्ट में दिए बयान में कहा कि पापा पन्नालाल मम्मी से कहते थे कि इस बार तेरा पेट फाड़कर देखूंगा कि तेरे पेट में लड़का है या लड़की। 19 सितंबर शाम चार बजे मैं तथा मेरी छोटी बहन मम्मी के पास थे। पापा घर में आए और बोले कि आज तेरा पेट फाड़कर देखूंगा कि इसमें लड़का है या लड़की। मम्मी ने मना किया तो पापा हंसिया लेकर आए और मम्मी की तरफ भागे। मैंने बचाने की कोशिश की तो मुझे धक्का देकर गिरा दिया।

मिठाई और समोसे की दुकान चलाता था पन्नालाल
पन्नालाल की खुद की मिठाई की दुकान थी। यहां मिठाई के साथ ही वह समोसा बनाता था। घटना के बाद जब वह जेल चला गया तो दुकान बंद हो गई। दो साल जेल काटने के बाद जब वह जेल से छूटकर घर आया तो पिता के साथ पत्नी से अलग रहने लगा। फिर से उसने कचहरी के पास मिठाई की दुकान खोल ली। इस समय वह मिष्ठान की दुकान ही चला रहा था। बृहस्पतिवार को सजा होने के बाद उसको फिर से जेल भेज दिया।


परचून की दुकान चलाकर कर रही पांच बेटियों का पालन
अनीता ने बताया कि उनकी पांच बेटिया हैं। उन्होंने घर पर परचूनी की दुकान रखी ली है। इसी से अपना और बेटियों का गुजारा करती है। बस ऊपर वाले से दुआ करें कि मेरी बेटियों सही सलामत मेरे पास बनी रही। इनकी अच्छे से परबरिश कर सकूं। वह ससुराल के पास ही पति और खुद के नाम बनाए गए मकान में रहती आ रही हैं।
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कब क्या हुआ
19 सितंबर 2020 शाम 4 बजे हंसिया से पत्नी के पेट पर किए वार। वारदात के बाद आरोपी भाग गया। 4.25 बजे पुलिस पहुंची घायल को भेजा अस्पताल। 5.10 बजे अनीता जिला अस्पताल से बरेली रेफर हुई। 7.14 बजे जानलेवा हमले और गर्भस्थ शिशु की हत्या के मामले में रिपोर्ट दर्ज हुई।
20 सितंबर 2020 को आरोपी को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया।
17 दिसंबर 2020 को आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित
23 मार्च 2021 को कोर्ट में सुनवाई शुरू
23 मई को आजीवन कारावास की सजा
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