सदर तहसील की उझानी सहकारी समिति पर दो किसानों से की गई धोखाधड़ी प्रकाश में आई है। किसानों ने इस संबंध में डीएम की शरण ली है और कहा कि उनके लिए दी गईं रसीदों की जांच कर उन्हें न्याय दिलाया जाए। किसानों का आरोप है कि 70 हजार से अधिक धनराशि उन दो किसानों ने जमा की है, लेकिन प्रभारी सचिव ने अन्य किसानों के केवल दो हजार रुपये रसीद की कार्बन कॉपी में दिखा दिए हैं।
गांव कुरऊ निवासी सतेंद्र पाल सिंह और विजय कुमार सिंह ने डीएम को बताया कि वे किसान सेवा सहकारी समिति, उझानी से जुड़े हैं। बताया कि समिति से उन्होंने ऋण लिया था। जिसकी वापसी के लिए उन्होंने 13 मई 2014 को क्रमश: 35,019-35,019 रुपये की धनराशि जमाकर रसीद हासिल की थी। पता लगवाया तो कार्बन कापी में यह रकम क्रमश: बनवत सिंह- 1500 रुपये और ब्रजेंद्र सिंह-500 रुपये चढ़ी हुई है। पीड़ित दोनों किसानों ने डीएम से फरियाद की है कि समिति की रसीद संख्या 753/16, 753/17 की जांच करा ली जाए और संबंधित प्रभारी सचिव के खिलाफ कार्रवाई कर उन्हेें न्याय दिलाया जाए।