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बदायूं: नकली नोटों के साथ सरगना समेत दो गिरफ्तार, बाजार में खपाए 50 लाख; नोट छापने वाली मशीन बरामद

Sat, 10 Oct 2026 01:57 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बदायूं

सार

बदायूं जिले में पुलिस ने नकली नोट बनाने वाले गिरोह के सरगना और उसके साथी को गिरफ्तार किया है। दोनों के कब्जे से पांच-पांच सौ के 315 नकली नोट, छह अधबने नोट और नकली नोट बनाने वाली मशीन बरामद हुई। यह गिरोह करीब पांच साल से 25 हजार रुपये की असली करेंसी के बदले एक लाख रुपये के नकली नोट उपलब्ध कराता था।
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पुलिस की गिरफ्त जाली नोट बनाने का सरगना यावर अली और उसका साथी। - फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
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विस्तार
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बदायूं में करीब पांच साल से नकली नोट बनाकर 25 हजार रुपये के बदले एक लाख रुपये के नकली नोट देने वाले गिरोह का सरगना और उसके साथी को अलापुर थाना पुलिस ने गिरफ्तार      किया है। सरगना यावर अली और नुरुल हसन के कब्जे से पांच-पांच सौ के 315 नकली नोट बरामद हुए हैं। इसके साथ छह अधबने नोट और नकली करेंसी बनाने वाली मशीन भी बरामद की गई है। सरगना के दो साथियों को कासगंज पुलिस ने चार सितंबर को गिरफ्तार किया था।

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कासगंज पुलिस से मिले इनपुट के आधार पर अलापुर थाना पुलिस लंबे समय से गिरोह के सदस्यों को पकड़ने में जुटी थी। शुक्रवार को सूचना पर भसराला गांव में थानाध्यक्ष सनी चौधरी ने टीम के साथ छापा मारकर नकली नोट बनाने के आरोपी यावर अली और उसके साथी नुरुल हसन को गिरफ्तार कर लिया। 

पुलिस रिकॉर्ड में सरगना यावर अली पर बदायूं के अलापुर और बुलंदशहर समेत सात केस दर्ज है। साथी नुरुल हसन के खिलाफ भी अलापुर थाने में दो मामले दर्ज हैं। सरगना आरोपियों को 25 हजार रुपये की असली करेंसी के बदले एक लाख रुपये के नकली नोट उपलब्ध कराता था। इन नोटों को दूसरे जिलों के बाजारों में खपाया जाता था।

 

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असली के साथ आगे-पीछे कर बाजार में खपाते थे नकली नोट
अभियुक्तों ने बताया कि वे नकली नोट तैयार कर उन्हें धीरे-धीरे बाजार में चलाते थे। नकली नोटों को असली नोटों के साथ आगे-पीछे लगाकर बाजार में चलाते थे। यावर थाना सोरों, जिला कासगंज में फरार चल रहा था। इसके गिरोह में शामिल रूपकिशोर उर्फ राजू और गोविंद को थाना सोरो पुलिस ने पकड़ा था। 

नूरुल हसन पहले भी थाना अलापुर से जाली करेंसी के साथ पकड़ा गया था। बरामद सामग्री का प्रयोग नकली नोट तैयार करने में किए जाने की बात भी अभियुक्तों ने कुबूल की है। नकली नोटों को भीड़भाड़ वाले बाजारों, त्योहारों और मेलों में खपाते थे। 

तीन सीरियल नंबर से छापे गए थे 200 नोट 
कासगंज पुलिस ने 4 सितंबर को 200 नकली पांच-पांच सौ के नोट बरामद किए थे। शुक्रवार को अलापुर पुलिस ने 315 नोट बरामद किए। नकली नोटों की तकनीकी जांच में कई खामियां सामने आईं। इन नोटों पर केवल तीन सीरियल नंबर बार-बार छपे मिले। नोटों में लगा सुरक्षा धागा कागज के ऊपर चिपका हुआ था। वाटरमार्क और छपाई की गुणवत्ता भी असली नोटों से अलग पाई गई। 
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यावर अली पर दर्ज हैं यह केस
अलापुर थाने में 2018 में आर्म्स एक्ट, 2019 में 13जी एक्ट, 2019 में धोखाधड़ी, नकली नोट बनाने सहित अन्य धाराएं, 2021 में आर्म्स एक्ट, 2023 में आर्म्स एक्ट, 2025 में नकली नोट सहित धाराओं में थाना नरौरा, जनपद बुलंदशहर में केस दर्ज हुआ था।

50 लाख से ज्यादा के नकली नोट खपा चुका है गिरोह
पुलिस पूछताछ में जाली नोट बनाकर खपाने वाले गिरोह ने कई खुलासे किए। यह गिरोह पांच साल में 50 लाख से ज्यादा के नकली नोट बनाकर विभिन्न शहरों में खपा चुके थे। पूछताछ में सरगना यावर अली ने नकली नोट बनाने की प्रक्रिया के बारे में बताया। उसने बताया कि 80 जीएसएम (ग्राम प्रति वर्ग मीटर) के कागज पर असली नोट का सेटअप कर जाली नोट बनाता था। 

कलर प्रिंटर से वह उनको प्रिंट करता था। नोट बनाने के सेटअप में उसे करीब 1 घंटे का समय लगता था। अब तक वह बाजारों में अपने गिरोह के जरिये से करीब 50 लाख रुपये के नकली नोटों को खपा चुका है। वह नोट बनाने के लिए 80 जीएसएम का कागज अच्छी दुकानों से खरीदता था। उसके गिरोह के अब तक चार लोग गिरफ्तार हो चुके हैं।

एसपी सिटी अभिषेक कुमार सिंह ने बताया कि अलापुर थाना क्षेत्र के गांव भसराला से एक लाख रुपये के अधिक जाली नोटों के साथ दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। इनके पास से जाली करेंसी बनाने के उपकरण भी बरामद किए गए है। दोनों को न्यायालय के सामने पेश कर जेल भेज गया है। 
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