बदायूं। सहसवान के पावेड़ पुख्ता और अलीगढ़ सीमा के नजदीक सांकरा घाट पर मुंडन संस्कार में आए तीन युवक गंगा नदी में डूब गए। उनकी तलाश में तुरंत गोताखोर लगाए गए। देर शाम तक उनकी तलाश चलती रही लेकिन युवकों का कुछ पता नहीं चला।
संभल जिले में गुन्नौर कोतवाली क्षेत्र के गांव चबूतरा निवासी पुष्पेंद्र (18) पुत्र भगवानदास और पवन (20) पुत्र रक्षपाल बुधवार को अपनी रिश्तेदारी में सहसवान के पावेड पुख्ता गांव के अमरपाल के घर आए थे। बुधवार को अमर पाल के बच्चे का मुंडन संस्कार कार्यक्रम था। इसलिए सभी लोग ट्रैक्टर-ट्राली से पावेड पुख्ता गंगा घाट पर पहुंचे। अमरपाल अपने बच्चे का मुंडन संस्कार कराने में लग गए तो वहीं दूसरी ओर पुष्पेंद्र और पवन स्नान करने के लिए गंगा में चले गए। तभी अचानक दोनों गहरे पानी में चले गए और पानी में डूब गए। काफी देर तक दोनों घाट पर नहीं दिखे, तो लोगों को पता चला कि वह गंगा में डूब गए हैं। तब कहीं उनकी गोताखोरों से खोजबीन शुरू कराई गई। सूचना पर एसडीएम ज्योति शर्मा, तहसीलदार दीपक चौधरी, नायब तहसीलदार विकास कुमार, सीओ प्रेम कुमार थापा, इंस्पेक्टर पंकज लवानिया भी पहुंच गए। शाम तक चली खोजबीन के बावजूद दोनों युवकों का कोई सुराग नहीं लगा।
इधर, दहगवां प्रतिनिधि के मुताबिक क्षेत्र के गांव सेरई उर्फ विजयगढ़ी के मजरा भीमपुर निवासी नेमसिंह के दो बेटों का बुधवार को मुंडन संस्कार था। इसमें कई रिश्तेदार शामिल होने आए थे। सहसवान के गांव टेहरा निवासी सुरेंद्र (18) पुत्र खुशीराम भी आया था। अलीगढ़ सीमा से सटे गंगा के सांकरा घाट पर मुंडन संस्कार के दौरान सुरेंद्र नहाते वक्त डूब गया। लोगों ने शोर मचाया लेकिन तब तक वह गहरे पानी में डूब गया। देर शाम तक उसकी भी खोजबीन चली लेकिन उसका भी कुछ पता नहीं चला।