बिल्सी। तहसील क्षेत्र के खैरी गांव में मंगलवार सुबह बंदरों के हमले में तीन ग्रामीण गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को उपचार के लिए सीएचसी बिल्सी में भर्ती कराया गया है। एक ही दिन में तीन लोगों पर बंदरों के हमले से गांव में भय का माहौल है। ग्रामीणों ने प्रशासन से बंदरों को पकड़वाने की मांग की है।
खैरी गांव निवासी हरनाम मंगलवार सुबह काम पर जा रहे थे। इसी दौरान रास्ते में एक बंदर ने उन पर हमला कर काट लिया। उनकी चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोगों ने किसी तरह बंदर को भगाया। इसके बाद गांव के ही भूरे सिंह सुबह शौच के लिए जा रहे थे। रास्ते में बंदर ने उन पर झपट्टा मारकर सिर में काट लिया, जिससे गहरा घाव हो गया।
तीसरी घटना में गांव के ही गोविंद बाजार से सामान लेने जा रहे थे। गांव के रास्ते में बंदर ने उन पर हमला कर हाथ में काट लिया, जिससे गहरा घाव हो गया। तीनों घायलों को परिजन सीएचसी बिल्सी लेकर पहुंचे, जहां उनका उपचार किया गया। लगातार हमलों से ग्रामीणों में दहशत है। ग्रामीणों का कहना है कि बंदरों के आतंक के कारण बच्चे और बुजुर्ग घरों से निकलने में डर रहे हैं।
सीएचसी के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार गुप्ता ने बताया कि बंदर के काटने से घायल तीन ग्रामीण उपचार के लिए आए थे। सभी का प्राथमिक उपचार करने के साथ एंटी-रेबीज वैक्सीन लगाई गई है। फिलहाल, सभी की हालत नियंत्रण में है।