उझानी मंडी, कछला और सहसवान क्षेत्र के नदायल में बनेंगे विद्युत उपकेंद्र, जमीन की तलाश जारी
अबतक उझानी के ही विद्युत केंद्र से कछला समेत कटरी के गांवों में दी जाती है सप्लाई
कछला में विद्युत उपकेंद्र न होने की वजह से ओवरलोडिंग के चलते आ रही थी समस्या
संवाद न्यूज एजेंसी
बदायूं। विद्युत संकट से जूझ रहे कछला गंगा किनारे के गांवों के लोगों के लिए राहत भरी खबर है। इसके लिए पावर कॉरपोरेशन से उझानी क्षेत्र में दो विद्युत उपकेंद्रों को बनाए जाने की मंजूरी मिल गई है। कछला समेत दोनों स्थानों पर विद्युत उपकेंद्र बनने के बाद लंबे समय से विद्युत संकट से जूझ रहे लोगों को राहत मिलेगी। पावर कॉरपोरेशन ने उझानी मंडी, कछला और सहसवान क्षेत्र के नदायल में विद्युत उपकेंद्र बनाए जाने के लिए बजट भी जारी कर दिया है। अब जमीन की तलाश की जा रही है।
सबसे ज्यादा उझानी क्षेत्र में ओवरलोडिंग, लो वोल्टेज, विद्युत कटौती की समस्या बनी हुई थी। उसकी बड़ी वजह है कि उझानी विद्युत उपकेंद्र पर सबसे ज्यादा लोड है। यहां से उझानी देहात के लिए भी सप्लाई दी जाती है तो कछला को भी यहीं से सप्लाई जाती है। एक ही विद्युत उपकेंद्र के सहारे उझानी आसपास के अलावा कछला और मंडी समिति के आसपास के गांव शामिल हैं। यहां पर उझानी से सप्लाई जाने की वजह से उझानी विद्युत उपकेंद्र ओवरलोडिंग की मार झेल रहा है।
बीते दिनों इस समस्या को देखते हुए पावर कॉरपोरेशन ने कछला, मंडी समिति के अलावा नदायल में विद्युत उपकेंद्र खोले जाने का प्रस्ताव तैयार किया था। तीनों विद्युत उपकेंद्र बनाए जाने के लिए बजट की मांग की गई थी। अब पॉवर कॉरपोरेशन ने प्रस्ताव पास करते हुए तीनों विद्युत उपकेंद्र बनाए जाने के लिए बजट जारी किया है। बजट मिलने के बाद पावर कॉरपोरेशन के अधिकारियों ने जमीन की तलाश शुरू कर दी है। मंडी समिति उझानी में जमीन चिंहित कर ली गई है। जल्द ही तीनों विद्युत उपकेंद्र का निर्माण कार्य शुरू कराया जाएगा।
कछला समेत 35 गांवों में खत्म होगी ट्रिपिंग की समस्या
कछला कस्बे में विद्युत उपकेंद्र न होने की वजह से कछला समेत कटरी के 35 गांवों में ओवरलोडिंग की वजह से ट्रिपिंग, लो वोल्टेज, बिजली कटौती की समस्या बनी रहती है। कटरी के गांवों में यह समस्या काफी समय से बनी हुई है। अब कछला विद्युत उपकेंद्र बनने के बाद इन गांवों से समस्या खत्म हो जाएगी।
मझिया के पास आठ करोड़ की लागत से बनेगा विद्युत उपकेंद्र
शहर के आसपास कई गांवों में ओवरलोडिंग की समस्या बनी रहती है। खेड़ा नवादा, कार्यशाला विद्युत उपकेंद्रों पर भार ज्यादा होने की वजह से भी कई इलाकों में विद्युत कटौती, ट्रिपिंग, लो वोल्टेज की समस्या रहती है। गर्मी में यह समस्या और बढ़ जाती है। इस समस्या को देखते हुए पावर कॉरपोरेशन के प्रस्ताव पर शहर में भी एक विद्युत उपकेंद्र बनाए जाने को मंजूूरी मिल गई है। करीब आठ करोड़ की लागत से मझिया गांव के पास विद्युत उपकेंद्र बनाया जाएगा।
जिले में चार विद्युत उपकेंद्रों को मंजूरी मिल चुकी है। रिवैंप योजना के तहत मिले बजट में विद्युत उपकेंद्रों का निर्माण कराया जाएगा। इससे काफी उपभोक्ताओं को विद्युत समस्या से राहत मिलेगी।
- दीपक कुमार, एसई पावर कॉरपोरेशन