बदायूं। घर में घुसकर दुष्कर्म करने के आरोपी को विशेष न्यायाधीश एससी एसटी एक्ट रिंकू जिंदल ने दोषी करार देते हुए दस वर्ष की सजा सुनाई है। साथ ही दोषी पर 36 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
इस्लामनगर थाना क्षेत्र की पीड़िता ने 16 मार्च 2022 को थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 15 मार्च 2022 को वह खेत पर गई थी। रास्ते में गांव के ही रियासत ने पीड़िता को रोक लिया और अपने साथ चलने को कहा। किसी तरह पीड़िता तब वहां से घर आ गई। अगले दिन पीड़िता घर पर अकेली थी। तभी रियासत घर में घुस आया और पीड़िता के साथ दुष्कर्म किया। विरोध करने पर पिटाई कर दी। पीड़िता के शोर मचाने पर रियासत धमकी देकर भाग गया। पुलिस ने मुकदमा पंजीकृत कर विवेचना शुरू की। सभी साक्ष्यों को संकलन करके रियासत के विरुद्ध दुष्कर्म सहित अन्य धाराओं में आरोपपत्र न्यायालय में दाखिल किया। तब से मामला न्यायालय में विचाराधीन था। बृहस्पतिवार को न्यायाधीश ने पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्यों का अवलोकन कर दोनों पक्षों की दलील सुनने के बाद दोषी को दस वर्ष कारावास की सजा सुनाई साथ ही जुर्माना भी लगाया। संवाद