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Budaun News: ग्राहक सेवा केंद्र के संचालक से दो लाख की लूट नहीं ठगी हुई थी

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पुलिस कार्यालय में हिरासत में खड़े ठग। स्रोत-पुलिस
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बदायूं। मुजरिया इलाके में ग्राहक सेवा केंद्र के संचालक से लूट नहीं, बल्कि उसके साथ ठगी हुई थी। उसने चार लाख रुपयों के लालच में अपने दो लाख रुपये गवां दिए थे। अलीगढ़ के दो लोगों ने रुपये दोगुने करने का झांसा दिया था। चार लाख रुपयों के लालच में केंद्र संचालक दो लाख रुपये देकर आया था। दोनों ठग उसके रुपये लेकर भाग गए थे। थाना पुलिस ने दोनों को पकड़ लिया और उनके पास से 44 हजार रुपये, कार की फर्जी व असली नंबर प्लेट बरामद की है।
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एसपी देहात राममोहन सिंह ने इसका खुलासा करते हुए बताया कि जरीफनगर थाना क्षेत्र के गांव रसलूपुर कलां निवासी विपिन कुमार मुजरिया थाना क्षेत्र के कौल्हाई गांव में ग्राहक सेवा केंद्र चलाते हैं। उन्होंने 30 जून को पुलिस को सूचना दी कि कार सवार दो बदमाश आए और उनका दो लाख रुपयों से भरा बैग काउंटर से उठाकर ले गए। वह अपने ग्राहक सेवा केंद्र का शटर उठाकर अंदर झाडू लेने जा रहे थे। तभी यह घटना हुई। उन्होंने कार का पीछे से फोटो ले लिया था।
सूचना पर एसएसपी डॉ. ब्रजेश कुमार सिंह भी मौके पर पहुंचे थे। इसके बाद पुलिस ने मामले की छानबीन शुरू कर दी थी। कार की तलाश में मुजरिया से लेकर कादरचौक और कादरगंज तक कई सीसीटीवी फुटेज खंगाले थे। रविवार सुबह करीब छह बजे बिल्सी-कछला मार्ग पर नगला भिंड़ तिराहे के नजदीक से दोनों ठग पकड़े गए। उनकी कार बरामद कर ली गई। उनके पास से 44 हजार रुपये, कार की दो नंबर प्लेट बरामद हुई हैं। उनमें एक नंबर प्लेट नकली है।
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एसपी देहात ने बताया कि पकड़े गए दोनों युवकों ने अपने नाम अलीगढ़ जिले के थाना कारसी क्षेत्र के गांव भगवान गढ़ी निवासी गाैरव उर्फ उत्तम पुत्र अक्षय कुमार और बन्ना देवी थाना क्षेत्र की फायर ब्रिगेड कॉलोनी निवासी आशू पुत्र देवराज बताए। दोनों लोग कुछ दिन पहले सेवा केंद्र के संचालक के पास आए थे। तभी आधे रुपयों में नकली नोट बताकर पांच हजार के असली नोट दे गए थे। सभी नोट बाजार में चल गए थे। लालच में फंसकर संचालक दो लाख रुपये गवां बैठा और लूट का बहाना बना लिया। पकड़े गए दोनों युवकों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।

दोनों कई घटनाओं को दे चुके हैं अंजाम
इस मामले में गौरव मुख्य आरोपी है। दूसरा आरोपी आशू अपने रिश्तेदार की कार मांगकर उसे किराये पर लाता था। रास्ते में उसकी नंबर प्लेट बदल लेता था। उसके बाद वह आराम से निकल पड़ते थे। वह अब तक कई घटनाओं को अंजाम दे चुके थे। गौरव के खिलाफ छह और आशू के खिलाफ एक मुकदमा दर्ज है।
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