बदायूं। बिनावर थाना क्षेत्र में दो वर्षीय बालिका से दुष्कर्म के मामले में पुलिस ने विवेचना शुरू कर दी है। पुलिस ने जिला अस्पताल पहुंचकर सोमवार को बालिका की मां के बयान दर्ज किए। मां ने पुलिस को बताया कि जब बालिका गड्ढे में मिली तो वह बेहोश थी। उसकी हालत देखकर उनके तो होश ही उड़ गए थे। उनकी मांग है कि बेटी को नुकसान पहुंचाने के आरोपी को फांसी की सजा दी जाए।
बृहस्पतिवार शाम बिनावर थाना क्षेत्र में दो वर्षीय बालिका से 7 मार्च को दुष्कर्म की घटना हुई थी। नामजद आरोपी संजय पुलिस मुठभेड़ में गिरफ्तार हो चुका है। विवेचक को बयान देने के बाद पीड़िता की मां ने बताया कि बालिका को आरोपी संजय घर से उठाकर ले गया था। कुछ ही देर में उन्होंने बच्ची की तलाश शुरू की थी। बच्ची गड्ढे में बेहोश पड़ी मिली थी, वह तभी समझ गईं कि उसके साथ जरूर कुछ अनहोनी हुई है। जब उन्होंने बालिका को गोद में लिया तो उसके प्राइवेट पार्ट से खून बह रहा था। उसके शरीर पर चोटों के निशान थे। उसकी हालत काफी खराब थी। अभी बालिका जिला अस्पताल में है।
पांच दिन बाद भी अपने पैरों से चलने में सक्षम नहीं बालिका
बदायूं। दो साल की मासूम बालिका से 7 मार्च की शाम दुष्कर्म हुआ था। सोमवार को जिला अस्पताल में उसके उपचार का पांचवां दिन था, बावजूद इसके वह अपने पैरों के सहारे चलने में सक्षम नहीं थी। माता-पिता उसे सहारा देकर चला रहे थे। वह भोजन भी नहीं कर पा रही है। उसे केवल तरल पदार्थ ही दिए जा रहे हैं।
बालिका के माता-पिता के साथ डॉक्टरों नेे उससे बातचीत का प्रयास किया तो वह अब भी दर्द से कराह उठती है। उसकी देखभाल के लिए दो डॉक्टरों की टीमें लगाई गईं हैं। इलाज की निगरानी सीएमएस डॉ. कप्तान सिंह खुद कर रहे हैं। अभी जख्म ठीक होने में करीब पंद्रह दिन लग जाएंगे।
जब बालिका अस्पताल में आई थी तब तो उसकी जान को खतरा था, लेकिन अब काफी सुधार है। अभी उसे तरल चीजें ही दी जा रहीं हैं। अभी बच्ची खड़ी नहीं हो पाती है। धीर-धीरे ही उसकी हालत में सुधार होगा। हम उसको रोजाना देख रहे हैं।- डॉ. अमित गुप्ता, सर्जन जिला अस्पताल