लड़की के अपहरण के आरोपियों की जमानत कराने गए कुंवरगांव के वार्ड नंबर दो निवासी अधेड़ रामस्वरूप की कानपुर में संदिग्ध मौत हो गई। हालांकि परिवार वालों ने किसी पर कोई आरोप नहीं लगाया है। शव का पोस्टमार्टम भी नहीं कराया गया है। बुधवार देर शाम शव भी परिवारीजन कुंवरगांव ले आए थे।
कुंवरगांव निवासी विशाल तिवारी और मोनू के खिलाफ कानपुर देहात में लकड़ी के अपहरण का मुकदमा दर्ज कराया गया था। दो महीने पहले कानपुर पुलिस ने यहां छापामारी करके इन दोनों को गिरफ्तार कर लिया था। दोनों इन दिनों कानपुर जेल में हैं। परिवार वाले इनकी जमानत के लिए कानपुर गए थे। साथ में जमानती के तौर पर वार्ड नंबर दो के रामस्वरूप (53) भी गए थे। बुधवार तड़के कानपुर रेलवे स्टेशन पर रामस्वरूप की तबियत बिगड़ गई। एंबुलेंस से अस्पताल ले जाते वक्त रास्ते में उनकी मौत हो गई। प्राइवेंट ऐंबुलेस से बुधवार रात रामस्वरूप का शव कुंवरगांव लाया गया। परिवार वालों ने किसी पर कोई आरोप नहीं लगाया है। शव का पोस्टमार्टम भी नहीं कराया गया है। रामस्वरूप का अंतिम संस्कार गुरुवार को किया जाएगा।