उसावां के गांव नगरिया चिकन में विस्फोट से मकान का फैला मलवा। संवाद
म्याऊं। उसावां थानाक्षेत्र के गांव नगरिया चिकन में हुए विस्फोट की घटना के पीछे क्या कारण रहे। इसकी जांच पूरी नहीं हो सकी है। फिलहाल जिला प्रशासन ने जांच पड़ताल के चलते मकान के मलबे का उठान कराने पर रोक लगा दी है। इससे आतिशबाज का परिवार मकान का निर्माण नहीं करवा पा रहा है। परिवार खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर है।
11 अप्रैल को उसावां थाना क्षेत्र के गांव नगरिया चिकन निवासी आतिशबाज उमेश कुमार उर्फ राहुल के दो मंजिला मकान में विस्फोट हो गया था। हादसे में उमेश और मनोज की मौत हो गई थी। डीएम और एसएसपी ने घटनास्थल का निरीक्षण कर दातागंज एसडीएम धर्मेंद्र व सीओ उझानी शक्ति सिंह को जांच सौंपी थी। अग्निशमन विभाग भी जांच कर रहा है। 11 दिन से चल रही जांच में पुलिस व प्रशासनिक अफसर किसी नतीजे पर नहीं पहुंच सके हैं। ग्रामीणों ने हाथगोला या फिर बारूद के मिश्रण के दौरान विस्फोट होने की आशंका जताई थी।
सीओ उझानी व अग्निशमन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का निरीक्षण किया था। पीड़ित परिवार व ग्रामीणों के बयान दर्ज किए थे। इस दौरान फायर ब्रिगेड की टीम ने मलबा हटाने व घटनास्थल से छेड़छाड़ न करने की सख्त हिदायत दी थी। पीड़ित परिवार का कहना है कि हम कब तक जांच टीम का इंतजार करें। मलबा नहीं हटने के चलते छोटे-छोटे बच्चों को खुले आंगन में सोना पड़ रहा है। परिवार व ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन से घटना की जांच पूरी करने के बाद मलबा हटाने की अनुमति देने की गुहार लगाई है।
- मामले की जांच अभी प्रचलित है। विस्फोट का कारण स्पष्ट नहीं हो सका है। मलबे को हटाने के लिए मना किया गया है। डीएम के आदेश पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। - धर्मेंद्र सिंह, एसडीएम दातागंज