परिवार के साथ पत्नी को विदा कराकर लौट रहा था संभल जिले के रजपुरा
बदायूं। बदायूं-मेरठ हाईवे पर सहसवान कोतवाली इलाके में मचौना की मढ़ैया के पास शुक्रवार रात एक तेज रफ्तार कार डिवाइडर से टकराकर खाई में पलट गई। हादसे में संभल जिले के रजपुरा निवासी सोहेल अहमद (30), उनकी मां रिहाना (50) और बहन शहनाज (25) की मौत हो गई। जबकि उनकी पत्नी आयशा और बहनोई शानू गंभीर रूप से घायल हो गए। दोनों को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। सभी आयशा को विदा करवाकर लौट रहे थे।
सोहेल का नौ दिन पहले 19 अक्तूबर को सहसवान कोतवाली क्षेत्र के गांव नसीरपुर गौसू की आयशा से निकाह हुआ था। दूसरे दिन आयशा मायके आ गईं थीं। शुक्रवार सुबह सोहेल, मां रिहाना, बुलंदशहर के थाना सलेमपुर क्षेत्र के गांव मुकेरा की बहन शहनाज, बहनोई शानू, भांजे सानिव (4), भांजी मायरा (3) और भाभी आक्शा बी के साथ आयशा को विदा कराने आया था। रात करीब आठ बजे लौटते समय हाईवे पर यह हादसा हो गया। हादसे के बाद रजपुरा थाना क्षेत्र के गांव मलिकपुर का मोहरपाल मौके से भाग गया। संवाद
मृतक शहनाज
मृतक सोहेल अहमद
लापरवाही और तेज रफ्तार ने निगल लीं तीन जिंदगियां
सहसवान (बदायूं)। कोतवाली इलाके में शुक्रवार की रात बदायूं-मेरठ हाईवे पर हुए हादसे की मुख्य वजह लापरवाही और तेज रफ्तार रही। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, रफ्तार इतनी तेज थी कि डिवाइडर से टकराने के बाद कार कई बार पलटी और बाद में खाई में जा गिरी। बावजूद इसके ड्राइवर सभी को कार में फंसा छोड़कर भाग निकला।
गनीमत रही कि उस वक्त हाईवे पर आगे-पीछे कोई वाहन नहीं था। इससे और कोई व्यक्ति चपेट में नहीं आया। हादसे में घायलों के मुताबिक, उस दौरान कार ड्राइवर नशे में था। परिवार वालों ने उससे नसीरपुर गौसू गांव से निकलने के दौरान ही कह दिया था कि वह सावधानी पूर्वक कार चलाएगा। अन्यथा वह दूसरे वाहन का इंतजाम करके चले जाएंगे, लेकिन ड्राइवर नहीं माना। उसने गांव से निकलते ही कार की रफ्तार बढ़ा दी थी। मचौना की मढ़ैया गांव के नजदीक पहुंचकर कार अनियंत्रित होकर डिवाइडर से टकरा गई। कार की रफ्तार ज्यादा तेज थी। इससे कार नियंत्रित भी नहीं हो पाई और कई बार पलटते हुए खाई में जा गिरी।
यह देखकर नजदीकी गांव के लोग दौड़ पड़े। तब तक ड्राइवर कार से निकलकर भाग चुका था। ग्रामीणों ने कार में फंसे लोगों को निकाला और पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने कार ड्राइवर को तलाश करना शुरू कर दिया है।
सोहेल के परिवार में थी दोहरी खुशी, अब मातम
परिवार वालों के मुताबिक, जिस दिन सोहेल का निकाह हुआ था। उससे एक दिन पहले ही उसके बड़े भाई समून आलम का निकाह हुआ था। उसकी बरात चंदौसी गई थी। इससे परिवार में दोहरी खुशी थी। बताते हैं कि सोहेल अहमद चार भाइयों में सबसे छोटा था। उसके परिवार में एक साथ तीन लोगों की मौत से कोहराम मचा हुआ है।
परिवार वालों ने नहीं कराया पोस्टमार्टम
हादसे के बाद सहसवान कोतवाली पुलिस और पुलिस अधिकारी भी जिला अस्पताल पहुंच गए। शुक्रवार देर रात जिला अस्पताल पहुंचे सोहेल के परिवार वालों ने पुलिस से पोस्टमार्टम कराने से इन्कार कर दिया। पुलिस ने फिलहाल परिवार वालों की बात नहीं मानी है।