बदायूं। मीरा हत्याकांड की सहआरोपी पूजा ने भले ही कूड़े के ढेर में दबे मिले शव को नहीं पहचाना था, लेकिन पुलिस ने अब उसकी छानबीन शुरू कर दी है। पुलिस का अनुमान है कि शव पूजा के पति बदन सिंह का था। पुलिस ने पोस्टमार्टम के दौरान बिसरा सुरक्षित करा लिया था। सोमवार को जांच के लिए बिसरा डीएनएन लैब भेजा जाएगा। अगर शव बदन सिंह का निकला तो पूजा के खिलाफ एक और एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।
बिनावर थाना क्षेत्र के गांव वृंदावन में 28 जुलाई की रात मीरा (25) पुत्री अजुद्दी की गला दबाकर हत्या कर दी गई थी। 30 जुलाई की सुबह गांव के नजदीक एक चरी के खेत में उसका शव पड़ा मिला था। मीरा के भाई लालाराम ने दहेज हत्या का आरोप लगाते हुए उसके पति आकाश, प्रेमिका पूजा पत्नी बदन सिंह, दोस्त रूपेंद्र और सास-ससुर समेत एक अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी।
छानबीन के दौरान मामला अवैध संबंधों का निकला था। मीरा के पति आकाश का पूजा से प्रेम प्रसंग चल रहा था। मीरा उनके बीच में रोड़ा थी। आकाश 27 जुलाई को मीरा को उसके मायके वृंदावन छोड़ गया था। फिर दूसरी रात अपने दोस्त के साथ वृंदावन आया और मीरा की हत्या करके चला गया।
पुलिस ने आकाश, पूजा और रूपेंद्र को गिरफ्तार करके जेल भेज दिया था। इस दौरान पता चला कि करीब सात-आठ माह पहले बिसौली के दिसौलीगंज निवासी पूजा का पति बदन सिंह अचानक लापता हो गया था। उसकी लाश सड़क किनारे कूड़े के ढेर में दबी मिली थी। लाश इतनी खराब हो गई थी कि उसका चेहरा तक पहचान में नहीं आ रहा था।
कपड़ों से बताया जा रहा था कि वह लाश पूजा के पति बदन सिंह की है, लेकिन उसने शव को पहचानने से ही मना कर दिया। पुलिस ने पोस्टमार्टम के दौरान उसका बिसरा सुरक्षित रखवा लिया था। जब मीरा हत्याकांड का खुलासा हुआ तब से पूजा पर बदन सिंह की हत्या कराने का शक और गहरा गया है। इसको लेकर पुलिस ने कूड़े के ढेर में दबे मिले शव का डीएनए जांच कराने का फैसला लिया। सोमवार को उसका सैंपल जांच के लिए भेजा जाएगा।
मीरा हत्याकांड का खुलासा हो चुका है, लेकिन बिसौली के दिसौलीगंज में मिले शव का खुलासा नहीं हुआ है। बताया जा रहा है कि वह शव पूजा के पति बदन सिंह का था। उसकी डीएनए जांच कराई जाएगी। अगर वह शव बदन सिंह का निकला तो पूजा के खिलाफ एक और रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी। - डॉ. बृजेश कुमार सिंह, एसएसपी