फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Budaun News: स्कूलों में बच्चों की कम हाजिरी पर शिक्षकों पर कसा शिकंजा

विज्ञापन
विज्ञापन
बदायूं। जिले के परिषदीय विद्यालयों में 55 प्रतिशत से कम छात्र-छात्राओं की उपस्थिति वाले स्कूलों के प्रधानाध्यापक को बीएसए ने नोटिस जारी किया है। उन्होंने इस संबंध में प्रधानाध्यापक से जवाब मांगा है साथ ही निर्देशित किया है कि सितंबर में अगर 70 से 80 प्रतिशत उपस्थिति नहीं मिली तो उनका वेतन रोका जाएगा।
विज्ञापन

शासन के स्पष्ट निर्देश हैं कि छात्र-छात्रों की उपस्थिति हर हाल में परिषदीय स्कूलों में बढ़ाई जाए, ताकि वहां पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं को समुचित लाभ मिल सके और शिक्षा जगत में वह अपना नाम रोशन कर सकें। इसको लेकर बीएसए ने पिछले दिनों जिले के 18 ऐसे विद्यालयों का चयन किया था जहां पर उपस्थित 44 प्रतिशत से भी कम थी।
बीएसए ने वहां के प्रभारी प्रधानाध्यापक और प्रधानाध्यापक का अक्टूबर का वेतन रोक दिया है। वहीं उन्होंने 265 ऐसे विद्यालयों का चयन किया है, जहां पर छात्राओं की उपस्थिति 44 से 55 प्रतिशत ही है। बीएसए ने इन संबंधित 265 विद्यालयों के प्रभारी प्रधानाध्यापक और प्रधानाध्यापक नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा है।
विज्ञापन

उन्होंने कहा है कि इतनी कम उपस्थिति आखिरकार क्यों है। स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि विद्यालयों में सितंबर में इन विद्यालयों की उपस्थिति हर हाल में 70 से 80 प्रतिशत होनी चाहिए। अगर ऐसा नहीं मिलता है तो इन विद्यालय में प्रभारी प्रधानाध्यापक और प्रधानाध्यापक के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करते हुए उनका सितंबर का वेतन रोक दिया जाएगा।

शिक्षकों को पढ़ाई के साथ-साथ छात्र-छात्राओं की संख्या बढ़ाने पर भी ध्यान देना चाहिए। 265 विद्यालय ऐसे हैं, जहां 44 से 55 प्रतिशत ही छात्र-छात्राओं की उपस्थिति है। इसको बढ़ने के निर्देश दिए गए हैं। ऐसा न करने पर प्रभारी प्रधानाध्यापक व प्रधानाध्यापक के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। -वीरेंद्र कुमार सिंह, बीएसए
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें