बदायूं। जिले में गृह विज्ञान की कॉपी जांचने के लिए शिक्षक नहीं मिल रहे। अब शिक्षा विभाग शासन से शिक्षकों की सूची आने का इंतजार कर रहा है। इसके बाद उनका एक विशेष फॉर्म भरवाकर कॉपी जंचवाई जाएंगी। जिले में 25 हजार गृह विज्ञान की कॉपी जांची जानी हैं।
शिक्षा विभाग को 3 लाख 20 हजार कॉपियों का मूल्यांकन दो अप्रैल तक पूरा करना है। अब तक सिर्फ 2 लाख कॉपियों का ही मूल्यांकन हो पाया है। बता दें कि मूल्यांकन का प्रशिक्षण लेने में भी 60 फीसदी शिक्षकों ने रुचि नहीं दिखाई थी। अब मूल्यांकन में भी 50 फीसदी शिक्षक अब तक नदारद हैं।
विभागीय जानकारी के अनुसार, मूल्यांकन के लिए शिक्षकों की सेवा लेने के नियमों में बदलाव हुआ है। अब तक की व्यवस्था में यदि परीक्षकों की कमी होती थी तो वित्तविहीन के अर्ह शिक्षकों को केमुआ 09 फॉर्म (विशेष फॉर्म) भरवाकर मूल्यांकन का कार्य सौंप दिया जाता था, लेकिन इस सत्र में बोर्ड ने परीक्षकों की प्रतीक्षा सूची जारी की है।
इस सूची में जिनके नाम दर्ज हैं, उन्हें ही केमुआ 09 फॉर्म भरवा कर परीक्षक बना सकते हैं। प्रतीक्षा सूची वाले आने को तैयार नहीं हैं। जिला विद्यालय निरीक्षक प्रवेश कुमार यादव का कहना है कि अब तक 2 लाख से ज्यादा उत्तर पुस्तिकाओं का मूल्यांकन हो चुका है। लगभग 1 लाख 20 हजार कॉपियों का मूल्यांकन बचा है। एसके इंटर कॉलेज में गृह विज्ञान की कॉपियों को जांचने के लिए परीक्षकों के गैरहाजिर होने से दिक्कत आ रही है। जो शिक्षक अनुपस्थित हैं, उनसे स्पष्टीकरण मांगा जा रहा है। प्रतीक्षा सूची वाले शिक्षकों को बुलाया जा रहा है। उन्हाेंने भरोसा जताया है कि समय से मूल्यांकन पूरा करा लिया जाएगा।
मूल्यांकन के छठवें दिन परीक्षकों ने जांचीं 37743 कॉपियां
शहर में हाईस्कूल की काॅपियां इस्लामियां इंटर कॉलेज, एसके इंटर कॉलेज और इंटरमीडिएट की कॉपियां जीआईसी एवं जीजीआईसी में चेक की जा रहीं हैं। अब तक पौने दो लाख कॉपी चेक हो चुकीं हैं। मूल्यांकन के छठे दिन 872 परीक्षकों ने 37743 कापियां जांची। वहीं, 820 परीक्षक गैरहाजिर रहे।