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डीपी महाविद्यालय में प्रवेश लेने गए छात्र को शिक्षकों ने बंधक बनाकर पीटा

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सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से घायल छात्र को बाहर लाते परिवार वाले। संवाद - फोटो : BADAUN
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सहसवान (बदायूं)। कोतवाली क्षेत्र के डीपी महाविद्यालय में बृहस्पतिवार को प्रवेश लेने गए एक छात्र को बाहरी (आउटसाइडर) बताकर शिक्षकों ने बंधक बनाकर जमकर पीटा। इससे उसके कई गंभीर चोटें आई हैं। सिर में भी घाव हो गया। शिकायत पर कोतवाली पुलिस ने छात्र का मेडिकल परीक्षण करा दिया है, लेकिन अभी एफआईआर दर्ज नहीं की है।
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कस्बे के मोहल्ला विल्सनगंज निवासी रितिक कृष्णा पुत्र आदर्श सक्सेना बीए पास कर चुका है। वह एमए करना चाहता है। छात्र के मुताबिक वह अगली कक्षा में प्रवेश की जानकारी लेने बृहस्पतिवार दोपहर को डीपी महाविद्यालय गया था। आरोप है कि उसे कॉलेज गेट के अंदर चीफ प्रॉक्टर मुकेश राघव ने रोक लिया। पूछाने पर बताया कि छात्र ने जवाब दिया वह एडमीशन लेना चाहता है, उसकी जानकारी लेने आया है।
आरोप है कि छात्र की बात सुने बिना चीफ प्रॉक्टर ने उसे आउटसाइडर बताते हुए अभद्रता कर दी। विरोध किया तो उन्होंने चांटा जड़ दिया। उनके बुलाने पर शिक्षक दिव्यांश सक्सेना, ज्ञानेंद्र, वैभव और दो अन्य शिक्षक उसे घसीटते हुए कॉलेज कैंपस में बने चैनल गेट के अंदर ले गए। वहां उसको बंधक बनाकर मारपीट शुरू कर दी। इससे उसे चोट आई हैं।
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सूचना पर परिवार वाले सीधे कोतवाली पहुंचे। कोतवाली इंस्पेक्टर विशाल प्रताप सिंह ने पुलिस बल भेजकर छात्र को छुड़ाया। बताया कि पुलिस को देखकर शिक्षक डंडा छिपाते नजर आए। कुछ लोग फर्श पर पड़ा खून साफ कर रहे थे। पुलिस छात्र को कोतवाली ले गई। बाद में उसका मेडिकल परीक्षण कराया। छात्र के परिवार वालों ने पुलिस को तहरीर देकर कार्रवाई की मांग की है। भाजपा कार्यकर्ताओं ने भी घटना का विरोध किया।
डीपी महाविद्यालय में आदर्श सक्सेना के बेटे रितिक सक्सेना के साथ मारपीट हुई है। उसका मेडिकल परीक्षण करा दिया गया है। दूसरा पक्ष भी कोतवाली आया था, उसका भी मेडिकल परीक्षण कराया गया है। अभी किसी ने तहरीर नहीं दी है। -विशाल प्रताप सिंह, इंस्पेक्टर सहसवान
आज हमारे यहां मिड डे टर्म परीक्षा शुरू हो रही थी। करीब तीन-चार सौ छात्र-छात्राएं लाइन में लगे थे। यह लड़का आउटसाइडर था। वह शैक्षिक भवन की ओर जा रहा था। तभी चीफ प्रॉक्टर ने उसे रोका था। पहले उसने अभद्रता की, फिर हाथापाई करके भाग खड़ा हुआ। तभी छात्रों ने उसे पकड़ लिया और मारपीट कर दी। इसमें चीफ प्रॉक्टर के भी चोटें आई हैं। -शुभ्रा माहेश्वरी, प्राचार्य
हम लोग परीक्षा की तैयारियों में लगे थे, तभी यह छात्र कॉलेज आया था। आउटसाइडर समझकर उसे रोका। उससे कारण पूछा तो पहले बताया कि वह किसी से मिलने आया है। फिर बोला कि एडमीशन की जानकारी लेने आया है। वह हाथापाई करके भागा था। यह देखकर छात्रों ने उसे पकड़ लिया और मारपीट कर दी। उसके साथ में कुछ ऐसा था, जिससे मेरे सिर में भी चोट खुल गई। हमने पुलिस को तहरीर दी है। -मुकेश राघव, चीफ प्रॉक्टर
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