पेड़ की चपेट में आकर फरियादी महिला और सिपाही घायल
सांसद की मौजूदगी में कन्या विद्याधन वितरण समारोह के दौरान हुआ हादसा
इस्लामिया इंटर कॉलेज में कन्या विद्याधन वितरण समारोह में सांसद धर्मेंद्र यादव की मौजूदगी में पास ही खड़ा पाकड़ का पुराना पेड़ भरभराकर गिर गया। न तेज हवा और न बारिश अचानक पेड़ गिरने से यहां खड़ी सिटी मजिस्ट्रेट, सीएमओ समेत छह सरकारी गाड़ियां क्षतिग्रस्त हो गईं। वहीं एक महिला सिपाही और फरियादी महिला घायल हो गई। घायल फरियादी महिला के साथ दो बच्चे थे। गनीमत ये रही कि उस वक्त गाड़ियों में कोई नहीं था।
इस्लामियां कॉलेज में कन्या विद्याधन वितरण समारोह सांसद धर्मेंद्र यादव के मुख्य अतिथ्य में शुरू हो चुका था। कन्या विद्याधन का वितरण भी किया गया। बाद में मुख्य अतिथि सांसद यादव एक नई एंबुलेंस को हरी झंडी दिखाकर कर जन सेवा का समर्पित कर रहे थे। कार्यक्रम स्थल पर ही थोड़ी दूर पुराना पाकड़ का पेड़ भरभराकर गिर गया। बिना तेज हवाओं और बारिश के पेड़ गिरने पर सबको ताज्जुब था। समारोह स्थल पर शाम करीब 4.30 बजे पेड़ गिर जाने से पेड़ के नीचे खड़ी चार सरकारी गाड़ियां ध्वस्त हो गईं। पास ही सांसद से फरियाद करने आई शहर के मोहल्ला कबूलपुरा की महिला शहनवाज अपने दो बच्चों के साथ महिला दरोगा सुनीता मिश्रा से सांसद तक पहुंचने की गुहार लगा रही थी। महिला सिपाही रूपदेई भी पास में ही थी। पेड़ की चपेट में आकर फरियादी महिला घायल हो गई। उसके हाथों में चोट आई है। महिला सिपाही के आंख के पास गहरा घाव हुआ है। इससे काफी रक्तस्राव हुआ। बाद में इसे इलाज को जिला अस्पताल भेज दिया गया।
पेड़ की चपेट में आकर सिटी मजिस्ट्रेट, सीएमओ और मनरेगा उपायुक्त की गाड़ियां क्षतिग्रस्त हो गईं। एसपी सिटी, एसडीएम सदर, फायर ब्रिगेड की गाड़ियों को भी नुकसान पहुंचा है। पेड़ गिरने से अफरा-तफरी का माहौल पैदा हो गया। अधिकारी और कार्यक्रम में मौजूद लोग घटनास्थल पर पहुंच गए। सांसद उस समय तक समारोह स्थल से निकल लिए थे। गनीमत रहीं इस हादसे में किसी को जानी नुकसान नहीं पहुंचा।
सीएमओ का चालक बाल-बाल बचा
बदायूूं। पेड़ गिरने की घटना से सभी हतप्रभ हैं। घटना के दौरान सीएमओ की गाड़ी में उसका चालक सलीम मौजूद थ। एक-दो दहनी गिरी तो वह गाड़ी से निकल भागा। घटना के बारे में उसने बताया कि उसे लगा कि कोई भूकंप आया है। गिरने से पूर्व पेड़ आवाज के साथ चरचराया था।
दीमक ने जड़ें कर दीं थी कमजोर
बदायूूं। आंधी न तूफान, बारिश न हवा फिर भी विशाल पेड़ गिर गया। जानकारों ने मौका मुआयना के बाद बाद बताया कि पुराने पेड़ की जड़ें दीमक खा चुकी थी।