जेठ के महीने में आसमान से बरस रही आग और पुरवा हवाओं ने लोगों को परेशानी में डाल दिया है। तापमान में लगातार वृद्धि हो रही है। जिले में अधिकतम तापमान 45 डिग्री सेल्सियस पहुंच गया। हालात दिनों दिन गंभीर होते जा रहे हैं। रिकार्ड तोड़ गर्मी से सामान्य जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। स्थिति यह है कि प्रात: 10 से पांच बजे तक बाजारों में पूरी तरह सन्नाटा पसरा रहता है। दुकानदारों की मानें तो कई दिनों से पड़ रही भीषण गर्मी और लू की वजह से व्यापार पर काफी प्रभाव पड़ा है। देहात क्षेत्र के लोग खरीददारी को कम ही आ रहे हैं। दुकानदारों का कहना है कि यदि ऐसे ही हालात और कुछ दिनों तक रहे तो उन्हें काफी नुकसान उठाना पड़ सकता है। वह पूरे समय तक ग्राहक के इंतजार में हाथ पर हाथ धरे बैठे रहते हैं। लू और गर्मी की वजह से महिलाएं भी देर शाम को ही बाजार में खरीददारी को आ रही हैं।
आम दिनों में सरकारी दफ्तरों में फरियाद लेकर आने वाले लोगों की संख्या अच्छी खासी रहती है किंतु गर्मी और पुरवा हवाओं के कारण गिने चुने लोग ही सरकारी दफ्तरों में अपनी समस्याओं को लेकर आ रहे हैं। शहर में सार्वजनिक स्थानों पर लगे प्याऊ पर हर वक्त शीतल जल के लिए लोगों की भीड़ रहती है। कभी-कभी तो बोतल में पानी भरने को लेकर झगड़े तक की नौबत आ जाती है। वहीं शीतल पेय की भी अधिक बिक्री हो रही है। लू से बचने को लोग गमछे और कैप भी खूब खरीद रहे हैं। इनके विक्रेता भी बताते हैं कि कुछ दिनों से इन दोनों चीजों की ज्यादा बिक्री हो रही है। जिला मुख्यालय से बिल्सी को जाने वाले इस हाईवे पर कई स्थानों पर खरबूजा बेचने वालों ने फड़ लगा रखे हैं। चिकित्सक हरपाल सिंह का कहना है कि भीषण गर्मी में जरा सी लापरवाही आपको बीमार कर सकती है। लोग शरीर को ढक कर ही घरों से बाहर निकलें, पानी का सेवन अधिक करें।